फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तन्वी सेठ पासपोर्ट विवाद की आंतरिक जांच में अफसर दोषी, नहीं रुकेगा तबादला

Thu, 05 Jul 2018 06:33 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
अनस सिद्दीकी व तन्वी सेठ। - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

तन्वी सेठ व अनस सिद्दीकी के पासपोर्ट विवाद में स्थानांतरित किए गए पासपोर्ट अधिकारी विकास मिश्र को आंतरिक जांच में अनावश्यक हस्तक्षेप का दोषी पाया गया है। विदेश मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार विकास मिश्र को निलंबित नहीं किया गया है, लेकिन आंतरिक जांच में खरे नहीं उतरने के कारण उनका स्थानांतरण नहीं रुकेगा।

विज्ञापन


इस मुद्दे के सोशल मीडिया में तूल पकड़ने के दौरान ही विदेश मंत्रालय ने आंतरिक जांच बैठाई थी। इसमें आवेदन के बाद दंपती का नागरिकता और स्थायी पता का दावा सही पाया गया। पुलिस जांच में दंपती के खिलाफ आपराधिक मामला नहीं होने की भी रिपोर्ट दी गई थी।

पासपोर्ट अधिकारी विकास मिश्र ने बिना वजह दंपती से मैरिज सर्टिफिकेट मांगा था और दोबारा पुलिस सत्यापन की कार्रवाई की थी। जबकि जून 2018 के नए नियमानुसार आवेदक पर आपराधिक मामला न होने, नागरिकता पर कोई विवाद न होने और पुलिस जांच में आवास का पता सही पाए जाने के बाद पासपोर्ट नहीं रोका जा सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

हुआ था हाई प्रोफाइल ड्रामा

20 जून को इस मुद्दे ने तब तूल पकड़ा जब दंपती ने पासपोर्ट अधिकारी पर धार्मिक आधार पर भेदभाव का आरोप लगाते हुए विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को ट्वीट किया था। मंत्रालय ने पासपोर्ट अधिकारी का स्थानांतरण करते हुए 21 जून को दंपती को पासपोर्ट जारी कर दिया था।

इस फैसले पर सुषमा को सोशल मीडिया पर बुरी तरह ट्रोल होना पड़ा और उनके खिलाफ ट्विटर पर अभद्र टिप्पणियां भी की गईं। सुषमा ने इन आपत्तिजनक टिप्पणियों पर अपने ट्विटर हैंडल पर एक सर्वेक्षण कराया तो 43 फीसदी लोगों ने इन टिप्पणियों का समर्थन किया था।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें