प्रदेश के सरकारी और सहायता प्राप्त हाईस्कूल एवं इंटर कॉलेजों में 25 जुलाई से शिक्षकों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित नहीं हो पाएगी। स्कूलों में बायोमीट्रिक मशीन से हाजिरी की घोषणा के बाद सरकार ने इसके लिए बजट नहीं दिया। इसलिए अभी यह व्यवस्था लागू नहीं हो सकेगी। विभाग की हीलाहवाली से भी दिक्कतें आ रही हैं।
बता दें कि सरकारी और अनुदानित हाईस्कूल और इंटर कॉलेजों में शिक्षण व्यवस्था में सुधार और शिक्षक समय पर आएं, इसके लिए बायोमीट्रिक हाजिरी की व्यवस्था मंगलवार से लागू होनी थी।
माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर से मुख्यमंत्री के समक्ष प्रस्तुत सौ दिन के एजेंडे में भी इसे शामिल किया गया था। पर, सरकार ने बायोमीट्रिक मशीनें लगाने के लिए बजट जारी नहीं किया। इसके अभाव में निर्धारित अवधि तक सरकारी स्कूलों में मशीनें नहीं लगाई जा सकीं।
उधर, अनुदानित स्कूलों में बायोमीट्रिक मशीन लगाने के लिए निदेशालय स्तर पर केवल आदेश जारी कर औपचारिकता पूरी की गई। इसकी जांच या मॉनिटरिंग की कोई व्यवस्था नहीं हुई। इससे अनुदानित स्कूलों ने भी सरकार के आदेश को हल्के में लेकर नई व्यवस्था लागू नहीं की।
माध्यमिक शिक्षा निदेशक अमरनाथ वर्मा ने बताया कि बायोमीट्रिकमशीनों के लिए बजट नहीं मिला है। बजट मिलने के बाद ही ये मशीनें लगेंगी। अनुदानित स्कूलों के लिए ऑर्डर जारी कर दिया गया था, वहां मशीनें लगाई जा रही हैं।