कतर्नियाघाट घूमने के लिए आने वाले पर्यटकों को नेचुरल ट्रायल के माध्यम से जंगल की सैर कराई जाएगी। इसके लिए ककरहा रेंज में ढाई किलोमीटर वर्ग के इलाके को नेचुरल ट्रायल क्षेत्र घोषित किया गया है। यहां पर प्राकृतिक और मानव रोपित वनों का अंतर समझाया जाएगा।
इसके साथ ही ट्रायल रेंज में पेड़ों पर स्थापित पक्षियों के घोंसले से चिड़ियों की चहचहाहट सुनाई पड़ेगी। घने जंगल के बीच होने के कारण वन्यजीवों की आवाजें भी रोमांचित करेंगी। इस ट्रायल रेंज में पर्यटक बेखौफ प्राकृतिक सुंदरता का नजदीक से अध्ययन कर सकेंगे।
इको टूरिज्म की व्यवस्था से पर्यटकों को लुभाने के बाद अब ककरहा रेंज में नेचुरल ट्रायल रेंज स्थापित की गई है। ढाई वर्ग किलोमीटर का यह रेंज ककरहा रेंज कार्यालय से सटा हुआ है। इस रेंज में नई सड़कें बनाईं गई हैं।
मानव रोपित और प्राकृतिक वन को स्थापित कर उनके अंतर को भी दिखाया गया। कतर्नियाघाट का भ्रमण करने के लिए आने वाले पर्यटक पूरे जंगल का भ्रमण करने के बजाए अगर ट्रायल रेंज का भ्रमण कर लेंगे तो वह जंगल के बारे में काफी कुछ जान सकेंगे।