उत्तर प्रदेश में नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग ने हर घर जल योजना के तहत अगले सौ दिन में 4.75 लाख घरों तक नल से जल पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। इससे करीब 30 लाख आबादी को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जा सकेगा। अब तक प्रदेश में इस योजना से 35.59 लाख घरों को लाभ मिल चुका है। इस योजना में प्रदेश भर में 2 करोड़ 64 लाख 27 हजार 705 घरों तक पानी की सुविधा पहुंचाई जानी है।
जल शक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह ने बताया कि 4.75 लाख घरों में नल से जल उपलब्ध कराने से जुड़े कार्यों में लगभग 3000 करोड़ रुपये की राशि खर्च होगी। इसके तहत निर्माणाधीन 300 ग्रामीण पाइप पेयजल योजनाओं से करीब 2.5 लाख घरों को पानी का कनेक्शन दिया जाएगा। वहीं रेट्रोफिटिंग की करीब 280 पाइप पेयजल योजनाओं से करीब एक लाख घरों में नल से जल पहुंचेगा।
इसके साथ ही 61 जिलों में भूजल आधारित 150 ग्रामीण पाइप पेयजल योजनाओं के जरिए 0.75 लाख घरों में नल का कनेक्शन जोड़कर पानी आपूर्ति की जाएगी। विंध्य व बुंदेलखंड क्षेत्र में 75 पाइप पेयजल योजनाओं को पूरा करके 0.5 लाख घरों में नल का कनेक्शन देकर पानी आपूर्ति शुरू की जाएगी।
सभी 75 जिलों में चल रहा कार्य: राज्य पेयजल एवं स्वच्छता मिशन के अधिशासी निदेशक अखंड प्रताप सिंह के अनुसार हर घर जल योजना के तहत प्रदेश के सभी 75 जिलों में कार्य चल रहा है। इसमें विंध्य व बुंदेलखंड के नौ जिलों और पानी की गुणवत्ता ठीक न होने के कारण पांच अन्य जिलों में सतही जलस्रोतों के जरिए शोधित जल घरों को आपूर्ति करने की व्यवस्था की जा रही है। वहीं 61 जिलों में भूगर्भ जल से व्यवस्था की जा रही है।