शुक्रवार को सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि रोक के अंतरिम आदेश के बावजूद सरकार आउटसोर्सिंग से संविदा कर्मियों के पद भर रही है। इस पर कोर्ट ने कहा कि अगर ऐसा है तो यह संबंधित अफसर द्वारा की जाने वाली अवमानना है।
अगर रोक के आदेश का उल्लंघन किया गया है तो संबंधित अफसर के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही होगी। ऐसे में सरकार की तरफ से यह हलफनामा भी दाखिल किया जाए कि आउटसोर्सिंग से संविदा कर्मियों की भर्ती पर रोक के आदेश के बाद इससे कोई पद नहीं भरा गया है।