लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय में मनोविज्ञान विभाग की प्रमुख डाॅ. मानिनी श्रीवास्तव के मुताबिक, एक रिजल्ट खराब होने से जीवन रुकता नहीं है। कितने ही लोग ऐसे हैं, जिन्होंने एक बार असफल होने के बाद नई शुरुआत कर सफलता की इबारत लिखी। इसलिए बोर्ड परीक्षा में अगर आशा के अनुसार नंबर नहीं आए हैं तो निराश होने के बजाय नई शुरुआत करें।
डाॅ. मानिनी के अनुसार, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति अब्राहम लिंकन कई बार फेल होने के बावजूद लगातार प्रयास करते रहे और आखिर में एक दिन वे देश के शीर्ष पद तक पहुंचे। इसलिए खराब परीक्षा परिणाम को एक पड़ाव मानकर आगे बढ़ें। हाईस्कूल और इंटरमीडिएट में अगर नंबर थोड़े कम भी हों, तब भी ज्यादा फर्क नहीं पड़ता है। नंबर से ज्यादा प्रतियोगी परीक्षाओं में आपका प्रदर्शन मायने रखता है। इसलिए खुद पर भरोसा रखें और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ें।