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बैंक लॉकर से 12.77 लाख के गहने और वसीयत चोरी

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लखनऊ। नकदी, गहने आदि कीमती सामान बैंक लॉकर में रखना भी अब सुरक्षित नहीं रह गया है। सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की कैंट रोड शाखा के एक लॉकर से 12.77 लाख के गहने और संपत्ति की वसीयत चोरी होने का मामला सामने आया है। पीड़िता ने बैंक के स्टाफ पर शक जताते हुए हुसैनगंज थाने में तहरीर दी है। बैंक के उच्चाधिकारियों से भी मामले में शिकायत की गई है। वहीं, बैंक के शाखा प्रबंधक ने भी हुसैनगंज थाने में अज्ञात के खिलाफ तहरीर दी है।
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जानकीपुरम इलाके की रहने वाली करुणा माथुर अंबेडकरनगर के टांडा स्थित आर्य कन्या इंटर कॉलेज में प्रवक्ता थीं। इसी साल फरवरी माह में उनका निधन हो गया था। पति राकेश शंकर माथुर का पूर्व में ही निधन हो गया था। करुणा का सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की कैंट रोड शाखा में लॉकर था। उनके निधन के बाद हैदराबाद में रहने वाली इकलौती बेटी रवीना अग्रवाल पति के साथ लखनऊ आईं। रवीना ने बैंक जाकर मैनेजर से बात की और उनके द्वारा बैंक मैनुअल के तहत बताई गई प्रक्रिया पूरी की। आवश्यक कागजात तैयार कराने के बाद बैंक अधिकारियों ने अप्रैल 2021 में रवीना की मौजूदगी में उनकी मां करुणा का लॉकर खुलवाकर उसमें रखे गहनों की वैल्यूएशन कराई। इसमें गहनों की कीमत 12.77 लाख रुपये आंकी गई थी। इसके साथ ही लॉकर में करुणा की संपत्ति की वसीयत भी रखी थी।
रवीना का कहना है कि सारी प्रक्रिया अपनाने के बाद बैंक के शाखा प्रबंधक ने बताया कि आपके कागजात गुम हो गए हैं। ऐसे में दोबारा कागजी कार्रवाई पूरी करनी पड़ेगी। रवीना व उनके पति ने दौड़भाग करके दोबारा कागजात तैयार कराए। मगर इस बीच रवीना के पास लॉकर की जो चाभी थी, वो खो गई। रवीना के निवेदन करने व लॉकर ब्रेक कराने की पांच हजार रुपये फीस जमा करने पर शुक्रवार को बैंक अधिकारियों की मौजूदगी में करुणा माथुर का लॉकर तोड़ा गया तो वह खाली मिला। लॉकर से 12.77 लाख रुपये कीमत के गहने व वसीयत चोरी हो चुकी थी। बैंक प्रबंधन ने उन्हें जांच का आश्वासन दिया। मगर रवीना ने बैंक के स्टाफ पर ही संदेह जताते हुए हुसैनगंज थाने में तहरीर दी है। साथ ही सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के रीजनल हेड अजय खन्ना से भी शिकायत की है। हुसैनगंज इंस्पेक्टर अजय कुमार सिंह का कहना है कि मामले की छानबीन की जा रही है।
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हैदराबाद से लखनऊ के लगाए दस चक्कर
लखनऊ। रवीना व उनके पति आर्यन अग्रवाल ने बताया कि बैंक लॉकर के काम के लिए उन्हें हैदराबाद से लखनऊ के दस चक्कर लगाने पड़े। इससे न सिर्फ समय खराब हुआ बल्कि आने-जाने में काफी पैसा भी बर्बाद हुआ। इसके बाद लॉकर खुला तो गहने व वसीयत चोरी हो चुके थे। घटना से दंपती को काफी सदमा लगा है।
लॉकर से चोरी संभव नहीं : रीजनल हेड
लखनऊ। बैंक के रीजनल हेड अजय खन्ना ने बताया कि लॉकर की एक चाबी बैंक मैनेजर व दूसरी खाताधारक के पास रहती है। ऐसे में लॉकर से चोरी होना कतई संभव नहीं है। रीजनल हेड ने बताया कि मामले की जांच कराने के साथ ही बैंक की कैंट रोड शाखा के प्रबंधक महेश कुमार वर्मा की तरफ से हुसैनगंज थाने में तहरीर दी गई है।
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