बछरावां में शुक्रवार को जनता एक्सप्रेस के हादसे ने रेलवे के सिस्टम की पोल खोलकर रख दी है। देहरादून से वाराणसी तक दौड़ने वाली इस ट्रेन के संचालन में हर स्तर पर लापरवाही सामने आ रही है।
खटारा बोगियों को ट्रेन के रैक में शामिल करने से लेकर मेंटेनेंस तक में सारे नियम कायदे ताक पर रख दिए गए। शुरुआती जांच में कदम-दर-कदम रेलवे की चूक सामने आ रही है।
यह सब हुआ यात्रियों की सुरक्षा को दरकिनार कर। अब सोमवार से रेल संरक्षा आयुक्त डीकेसिंह हादसे की जांच शुरू करेंगे। एक महीने में सारा सच सामने आने की उम्मीद है।
जनता एक्सप्रेस में 25 साल पुरानी बोगियां दौड़ायी गईं। देहरादून में प्राइमरी मेंटेनेंस नहीं किया गया। हादसे की शिकार बोगी एएसएलएन क्लास की जनवरी में मेंटनेंस नहीं हुई।
इस बोगी को बेकार घोषित करने में सिर्फ एक साल बचा था इसके बावजूद लापरवाही बरती गई। एंगल कॉक और एयर ब्रेक लाइन में गड़बड़ी की आशंका। इंजन के चार तरह के ब्रेक एक साथ फेल हो गए।गार्ड भी रिलीज न कर सका वैक्यूम।