लखनऊ बार एसोसिएशन के वार्षिक चुनाव के लिए शुक्रवार को मतदान हुआ। मतदान के बाद बायोमीट्रिक की संख्या और जारी मतपत्रों में लगभग 480 मतों के अंतर के चलते प्रत्याशियों ने मतदान में धांधली का आरोप लगाया। हाईकोर्ट द्वारा चुनाव कराने के लिए नियुक्त कमेटी में शनिवार सुबह 11 बजे सभी प्रत्याशियों की मीटिंग बुलाई है।
बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी के 22 पदों के लिए भाग्य आजमा रहे 84 प्रत्याशियों के पक्ष में शुक्रवार सुबह 9 बजे से शाम पांच बजे तक वोट डाले गए। पूरे दिन शांतिपूर्ण मतदान हुआ, लेकिन शाम को मतदान समाप्त होने के बाद जब जारी मतपत्रों व बायोमीट्रिक की संख्या का मिलान किया गया तो दोनों में अंतर मिला। इससे वहां मौजूद प्रत्याशियों और उनके समर्थकों ने हंगामा करते हुए धांधली का आरोप लगाना शुरू कर दिया।
महासचिव के एक प्रत्याशी ने बताया कि कमेटी ने चुनाव कराने के लिए जो व्यवस्था की थी उसके अनुसार 4352 वैध मतदाता अपना बायोमीट्रिक कार्ड लेकर मतदेय स्थल पर जाएंगे, जहां उनका अंगूठा लगाकर बायोमीट्रिक विधि से निश्चित किया जाएगा कि वह मतदाता वैध सदस्य है या नहीं। इसके बाद उसे मतपत्र जारी किया जाएगा। इसके बाद बाद मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेगा। मतदान की प्रक्रिया पूर्ण होने पर बायोमीट्रिक व जारी मतपत्रों का मिलान करने के बाद मतपेटी को सील किया जाना था।
सूत्रों के अनुसार मतदान के बाद पाया गया कि बायोमीट्रिक मशीन में जहां 3442 मतदाताओं की जांच हुई वहीं मतपेटी में 3879 मत डाले गए। इसके चलते लगभग 480 मतों का अंतर आया। प्रत्याशियों ने धांधली का आरोप लगाकर चुनाव निरस्त करने की मांग की है।
हंगामा बढ़ते देख चुनाव कमेटी के चेयरमैन व सदस्यों ने 12 अक्तूबर को प्रत्याशियों की मीटिंग बुलाई है। उसमें चर्चा के बाद ही कोई निर्णय लिया जाएगा।