फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इराक की घटना पर लखनऊ में बवाल, दो समुदाय भिड़े

Fri, 20 Jun 2014 01:27 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
विज्ञापन
इराक में बेगुनाहों पर आतंकवादियों की बर्बरता की आंच बृहस्पतिवार को लखनऊ पहुंच गई। वहां आम लोगों को मारे जाने के विरोध में जुलूस निकालने के दौरान पुराने शहर के सआदतगंज इलाके में दो समुदाय भिड़ गए।
विज्ञापन


इस दौरान दोनों पक्षों में जमकर पथराव और फायरिग हुई। जिसमें पांच लोग घायल हो गए। इनमें तीन बच्चे हैं। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया है।

स्थिति संभालने के लिए पुलिस को जवाबी फायरिंग करनी पड़ी और लाठियां भांजनी पड़ीं। देर रात तक आक्रोशित लोग आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर बवाल काट रहे थे।

तनाव को देखते हुए मौके पर पीएसी, आरएएफ और पुलिस फोर्स तैनात कर दिया गया है।

इस तरह शुरू हुआ विवाद बवाल

बवाल रात साढ़े दस बजे तब शुरू हुआ जब एक समुदाय ने इराक में बेगुनाहों के मारे जाने के विरोध में सआदतगंज के दरगाह हजरत अब्बास से लेकर मस्जिद तक जुलूस निकाला।

जुलूस घंटा बेग गढ़इया तक पहुंचा था कि एक मकान से पथराव व फायरिंग शुरू हो गई।

बच्चों को खून से लथपथ देखकर लोग भड़के
एक पक्ष के लोगों की मानें तो गोलीबारी में दस साल के अली रजा समेत तीन को छर्रे लग गए। बच्चों को खून से लथपथ देखकर जुलूस में शामिल लोग भी भड़क गए। उन्होंने भी पथराव शुरू कर दिया।

खबर फैलते ही चौक का बजाजा, अकबरी गेट, मुफ्तीगंज, पुल गुलाम हुसैन, कासिम अली की पुलिया समेत कई इलाकों में दोनों समुदाय के सैकड़ों लोग सड़क पर उतर आए और बवाल शुरू कर दिया।

एक घंटे तक चला बवाल

डीआईजी नवनीत सिकेरा, एसएसपी प्रवीण कुमार, एएसपी (पश्चिम) का प्रभार देख रहे हबीबुल हसन, सीओ चौक सर्वेश मिश्र, सीओ कैसरबाग का प्रभार देख रहे राजेश श्रीवास्तव समेत तमाम पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई।

एक घंटे तक चले बवाल के जवाब में पुलिस ने लाठियां भांजी, आंसू गैस के गोले छोड़े व फायरिंग की।

कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस को भीड़ खदेड़ने में सफलता मिली। एएसपी (पश्चिम) का कहना है कि, मामूली विवाद को लेकर दो पक्ष भिड़ गए थे। दोनों पक्षो में पथराव हुआ है। हालांकि उन्होंने गोलीबारी की बात से इनकार किया है।
विज्ञापन

इराक में प्रदेश के कितने फंसे, यूपी सरकार बेखबर

इराक में बंधक बनाए गए भारतीयों में से यूपी के कितने लोग हैं, इसकी यूपी सरकार को कोई जानकारी नहीं है।

एनेक्सी के मीडिया सेंटर में गृह सचिव कमल सक्सेना ने इस बाबत पूछे गए एक सवाल के जवाब में कहा कि इराक में यूपी के कितने लोग फंसे हैं, इसकी यहां कोई जानकारी नहीं है।

इस बात का ब्योरा विदेश मंत्रालय रखता है कि किस प्रदेश के कितने भारतीय किस देश में मौजूद हैं। गृह सचिव ने कहा कि प्रदेश के गृह विभाग के पास ऐसा कोई डाटा नहीं होता है।

बहरहाल, इराक में भारतीयों के फंसा होने का मामला जिस समय सुर्खियों में है, उसी समय गृह विभाग के अधिकारियों का ऐसा बयान आना एक बार फिर चर्चा का विषय बन गया है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें