मुख्यमंत्री की महात्वाकांक्षी परियोजनाओं में से एक क्रिकेट स्टेडियम का निर्माण इसे बनाने वाली कंपनी और एलडीए के तकरार के बीच फंस गया है। निर्माण में देरी पर मुख्य सचिव ने नाराजगी जताते हुए प्राधिकरण के अफसरों को काम में तेजी लाने को कहा है।
वहीं कंपनी को अपने रीयल एस्टेट बुकिंग की चिंता सता रही है। ऐसे में स्टेडियम की इस महात्वाकांक्षी परियोजना में लगातार देरी होती जा रही है। सूत्रों की माने तो निर्माणकर्ता कंपनी चाहती है कि, वह अपनी हाउसिंग स्कीम भी साथ ही साथ लांच कर दे। ताकि, उसको निर्माण के लिए बजट भी मिलता रहा।
जबकि एलडीए पहले खेल परिसर के निर्माण का दबाव डाल रहा है। ऐसे में पूरी परियोजना ही अटक रही है। स्टेडियम की प्रगति को लेकर जब प्राधिकरण उपाध्यक्ष सत्येंद्र कुमार सिंह से पूछा गया तो उन्हाेंने बताया कि, स्टेडियम को लेकर कुछ इश्यू हैं। उन्हें शॉर्ट आउट किया जा रहा है।
लविप्रा के मुख्य सचिव आलोक रंजन ने कहा है कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम निर्माण में कुछ शिथिलता बरती जा रही है। इसे लेकर सरकार खुश नहीं है। एलडीए के अधिकारियों को निर्देशित किया जा रहा है कि, वे तेजी से काम निपटाएं।