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सेहत की बात: आंतरिक हर्निया हो सकती है छोटी आंत में रुकावट की वजह, जानें लक्षण और रोकथाम के उपाय

Tue, 25 Mar 2025 02:16 PM IST
भूपेन्द्र सिंह सचिन त्रिपाठी, अमर उजाला, लखनऊ

सार

एक अध्ययन में बताया गया कि आंतरिक हर्निया छोटी आंत में रुकावट के 5.8 फीसदी तक मामलों में जिम्मेदार मिली। आंतरिक हर्निया के कई कारण हो सकते हैं। मोटापा कम करने के लिए होने वाली बैरिएट्रिक सर्जरी भी इसकी एक वजह मानी जाती है।
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पीजीआई लखनऊ - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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राजधानी लखनऊ स्थित संजय गांधी पीजीआई ने संस्थान में पिछले 13 साल में आए केस के अध्ययन के आधार पर एक रिपोर्ट जारी की है। इसमें बताया कि छोटी आंत में रुकावट आंतरिक हर्निया की वजह से भी हो सकती है। यह रिपोर्ट अंतरराष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हुई है। यह अध्ययन पायल काव, अनु बिहारी, सुप्रिया शर्मा, अशोक कुमार और रजनीश के सिंह ने किया है। 

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छोटी आंत में रुकावट गंभीर स्थिति है। इसमें आंत का कोई हिस्सा या पूरा हिस्सा अवरुद्ध हो जाता है। इससे भोजन और तरल पदार्थ सामान्य रूप से आगे नहीं बढ़ पाते हैं। यह स्थिति जानलेवा भी हो सकती है। इसकी वजह से पेट में ऐंठन और तेज दर्द, पेट का फूलना, भूख न लगना, उल्टी होना और मल या गैस न निकलने के लक्षण हो सकते हैं।

सीईसीटी कराने की सलाह

यह अध्ययन सितंबर 2010 से अगस्त 2023 की अवधि के दौरान संस्थान में छोटी आंत की रुकावट के बाद लाए गए 586 मरीजों पर किया गया। इसमें से एक फीसदी में इस रुकावट की वजह आंतरिक हर्निया थी। अध्ययन के आधार पर सलाह दी गई कि जल्द से जल्द निदान के लिए मरीज की कॉन्ट्रास्ट-एन्हांस्ड कंप्यूटेड टोमोग्राफी (सीईसीटी) जांच करानी चाहिए। इससे बीमारी का जल्द पता लग जाता है। इससे उसकी जान बचाना आसान होता है।

ये हैं लक्षण:

पेट में ऐंठन और तेज दर्द, पेट का फूलना, भूख न लगना, उल्टी होना, मल या गैस का न निकलना

ऐसे करें रोकथाम

आहार में फाइबर शामिल करें, रोजाना व्यायाम करें, सर्जरी के बाद जल्द से जल्द उठना और चलना, पहले आंत में रुकावट हुई हो तो डॉक्टर से बात करें।

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