मंगलवार को सुबह अलग-अलग स्थानों से लखनऊ पहुंचने वाली करीब चार फ्लाइट वापस लौट गईं। इन फ्लाइटों में शहर के कई लोग प्रभावित हुए।
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जेट एयरवेज की फ्लाइट नम्बर 2453 को सुबह साढ़े सात बजे चौधरी चरण सिंह एयरपोर्ट पर उतरना था। इसमें 70 यात्री थे। ये बीस मिनट तक हवा में रुकी और वापस लौटी।
वहीं दूसरी फ्लाइट जेट एयरवेज की 646 सुबह साढ़े दस बजे लखनऊ उतरने वाली थी। ये दोनों उड़ाने करीब बीस-बीस मिनट तक हवा में झूलती रही। इस फ्लाइट में 160 यात्री सवार थे।
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गो एयरवेज की जी-8 395 मुंबई से लखनऊ आई थी। इस फ्लाइट को सुबह 11.40 पर लैंड करना था। मौसम की खराबी की वजह से ये फ्लाइट भी उतर नहीं पाई और दिल्ली चली गई।
वहीं इंडियन एयरलाइन्स की फ्लाइट एआई 435 दिल्ली से लखनऊ आई। इस उड़ान को दोपहर 1.35 मिनट पर लखनऊ एयरपोर्ट पर उतरना था, मगर ये भी लैंड नहीं कर पाई। इसे बैरंग दिल्ली लौटना पड़ा।
इन सभी फ्लाइटों की वजह से प्रभावित यात्रियों ने एयरपोर्ट पर हंगामा भी किया। चौधरी चरण सिंह हवाई अड्डे के ओएसडी संजय ने बताया कि हुदहुद की वजह से फ्लाइट लैंड नहीं कर पा रही हैं।
ये ट्रेनें भी हुई बाधित
हुदहुद के चलते फ्लाइट्स के साथ दो दर्जन से ज्यादा ट्रेनें भी बाधित हो गई हैं। तूफान से ट्रेनों के ट्रैक पर भारी पेड़ गिर गए हैं।
पेड़ गिरने से ट्रेनें ट्रैक पर आगे नहीं बढ़ पाईं। इससे ट्रेनों की रफ्तार पर भी लगाम लग गई। इनमें बनारस-फैजाबाद, बनारस-रायबरेली, गोरखपुर-बाराबंकी, झांसी-कानपुर के ट्रैक पर चल रही ट्रेनें बाधित हुई।
साथ सियालदेह एक्सप्रेस, पंजाब मेल, हावड़ा-अमृतसर एक्सप्रेस, किसान एक्सप्रेस, जनता एक्सप्रेस, इलाहबाद इंटरसिटी, बनारस इंटरसिटी, प्रतापगढ़ इंटरसिटी और बरेली एक्सप्रेस करीब दो से तीन घंटे की देरी से चल रही हैं।
हुदहुद से राजधानी में हुई हिल स्टेशन सी ठंडक
हुदहुद तूफान के चलते सर्दियों से पहले ही राजधानी हिल स्टेशन में बदल गई। बीते 48 घंटों से चल रही तेज रफ्तार हवाओं के साथ बौछारों ने राजधानी समेत सूबे का पारा धड़ाम किया है।
पिछले 14 घंटों से जारी बारिश ने पूरे शहर को 41.3 मिमी. रिमझिम बारिश में भिगोया। सोमवार देर रात से तड़के तक 35 से 55 किमी. प्रतिघंटे की रफ्तार से चली जोरदार तूफानी हवाओं ने पारा धड़ाम किया।
मंगलवार को दिन का न्यूनतम तापमान भी पिछले 24 घंटों की अपेक्षा लगभग 4 डिग्री तक लुढ़क कर 17 के नजदीक पहुंच गया।
ये हिल स्टेशन श्रीनगर, शिमला, देहरादून, धर्मशाला के दिन के अधिकतम पारे से भी काफी कम रिकार्ड हुआ। दिन में धूप न खिलने और हवाओं के तेज बर्फीले झोंको ने खुशनुमा अहसास के साथ फिजां में सर्दी का अहसास कराया।
पूर्वी उत्तर प्रदेश के अन्य स्थानों में भी देर रात से जारी झमाझम बारिश और तेज हवाओं ने सूबे के पारे में जबरदस्त गिरावट दर्ज कराई है। कई इलाकों में बारिश और हवाओं से पारा काफी नीचे लुढ़का है।
दोपहर करीब एक बजे के बाद हवाओं के थपेड़ों संग राजधानी में बारिश का दौर थमा, लेकिन हवाओं के झोंकों ने ठंड बढ़ा दी। आंचलिक मौसम केंद्र के मौसम विज्ञानियों ने अगले 24 से 36 घंटों में हुदहुद का असर कमजोर पडऩे की बात कही है।
सोमवार देर रात से जारी रिकार्डतोड़ बारिश ने शहर ही नहीं प्रदेश का जन जीवन भी अस्त व्यस्त कर दिया है।