लखनऊ और नोएडा में होमगार्ड महकमे में हुए ड्यूटी घोटाले की आंच प्रदेश के दूसरे जिलों पर भी पड़ने लगी है। शासन ने होमगार्ड की ड्यूटी सत्यापित करने के लिए सभी जिलों के जिला कमांडेंट को जिम्मेदारी दी है। एक सप्ताह में उन्हें अपनी रिपोर्ट मंडलीय कमांडेंट को सौंपनी है।
शासन ने निर्देश दिया है कि जिस जिले का कमांडेंट होगा वह उसी जिले की ड्यूटी नहीं चेक करेगा। बल्कि डीआईजी होमगार्ड द्वारा अपने अपने क्षेत्र के जिलों के जिला कमांडेंट को एक दूसरे के जिले में भेजकर होमगार्ड की ड्यूटी चेक कराई जाएगी और अक्तूबर का मस्टररोल थाने से अपडेट कराना होगा।
ऐसे में सवाल उठ रहा है कि अगर नोएडा और लखनऊ जैसे जिलों में जिला कमांडेंट की भूमिका ही सामने आ रही है तो बाकी जिलों में एक जिला कमांडेंट की खामियों को दूसरा जिला कमांडेंट कैसे उजागर करेगा।
हालांकि इस बारे में होमगार्ड विभाग के कमांडेंट जनरल जीएल मीणा का कहना है कि अक्तूबर माह के मस्टररोल की जांच कराई जा रही है। यह सत्यापन केवल जिला कमांडेंट ही नहीं बल्कि उसके बाद मंडलीय कमांडेंट भी अपने स्तर से इसका सत्यापन करेंगे।