सूबे में अधिकारियों के लगातार तबादलों से हाईकोर्ट नाखुश है। तबादलों की वजह से सामने आ रही मुश्किलों पर कोर्ट ने कहा कि इससे न्याय प्रशासन भी प्रभावित हो रहा है, जो आपराधिक अवमानना की श्रेणी में आता है। सूबे की कानून-व्यवस्था भी लगातार तबादलों से प्रभावित होती है।
अदालत ने राज्य सरकार को तीन हफ्ते में हलफनामा दाखिल कर बताने को कहा है कि लगातार होने वाले तबादलों का औचित्य क्या है? कोर्ट ने इटावा की एसएसपी मंजिल सैनी को भी नोटिस जारी किया है।
इटावा के राहुल उर्फ शाहरुख की अवमानना याचिका पर न्यायमूर्ति आरडी खरे सुनवाई कर रहे हैं। एक आपराधिक मामले में कोर्ट ने याची की गिरफ्तारी पर रोक लगाई थी। इस आदेश का पालन नहीं हुआ तो उसने अवमानना याचिका दाखिल कर दी।