डॉ. भुवन के अनुसार दिल का दौरा पड़ने पर आसपास के विशेषज्ञ को जरूर दिखा लें। बड़े अस्पताल पहुंचने से पहले प्राथमिक उपचार जरूरी है। ऐसा करने पर मरीज की जान बचाना आसान हो जाता है। जबकि अस्पताल पहुंचने में देरी या फिर प्राथमिक उपचार न मिलने पर मरीज की जान पर बन आती है।
बचाव के लिए करें ये काम
- ठंड से बचाव के लिए कई परत में गर्म कपड़े पहनें
- नियमित रूप से धूप में बैठें और उचित व्यायाम करें।
- टहलने का समय सर्दी के हिसाब से आगे बढ़ा दें।
दिल के दौरे के लक्षण: सीने में दर्द, बेचैनी, पसीना आना, जबड़े-गर्दन-बाजू व कंधे में दर्द, सांस का टूटना।