बाबरी मस्जिद मामले की पैरोकारी से हटने की घोषणा करने के बाद हाशिम अंसारी ने अब इसकी कमान अपने बेटे इकबाल अंसारी को सौंप दी है। उन्होंने इकबाल को अपना मुख्तार बना दिया है।
दिल्ली से आए एक अधिवक्ता ने इस आशय का वसीयतनामा तैयार किया है। इसकी पुष्टि करते हुए इकबाल ने बताया कि अधिकारियों को इसकी जानकारी भेजी जा रही है।
हाशिम ने जब इस मुकदमें की पैरवी न करने का ऐलान किया तो हड़कंप मच गया। इससे जुड़े विभिन्न पक्षों में भी हलचल मच गई। हाशिम को मनाने का दौर शुरु हुआ। अंदरखाने खिचड़ी पकती रही। तब सांप भी मर जाए और लाठी भी न टूटे रास्ता निकाला गया।