‘बच्चियो ! बड़े होकर आप लोग क्या बनना चाहती हो...’ राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के इस सवाल पर सभी एक सुर में बोलीं, ‘पुलिस।’ इस पर राज्यपाल ने पूछा कि पुलिस बनकर क्या करोगे? बच्चियों ने कहा, ‘बुरे लोगों को हवालात में भेजेंगे।’
राज्यपाल का नरही के सहाय सिंह बालिका इंटर कॉलेज की बच्चियों से यह संवाद शनिवार दोपहर हजरतगंज कोतवाली परिसर स्थित एएसपी पूर्वी के ऑफिस में हुआ। इस दौरान राज्यपाल ने बच्चियों को पुलिस और कानून के महत्व के बारे में समझाया।
राज्यपाल महिला थाना का निरीक्षण करने आई थीं। करीब 11.20 बजे वह हजरतगंज कोतवाली पहुंची और गार्ड ऑफ ऑनर लिया। इसके बाद वह सीधे एएसपी पूर्वी के ऑफिस चली गईं, जहां कक्षा नौ की 25 छात्राएं उनका इंतजार कर रही थीं। राज्यपाल ने करीब आधे घंटे तक उनसे बातचीत की। अपने अनुभव सुनाते हुए उन्होंने कहा कि बचपन में पुलिस को देखती थीं तो बहुत अच्छा लगता था।
अपराध का शिकार होने से कैसे बचें, मुसीबत में अपनी मदद कैसे करें, इस बारे में उन्होंने बच्चियों से जानकारी ली। पुलिस व अन्य हेल्पलाइन नंबर पूछे तो बच्चियों ने डायल 100 सेवा, वीमेन पावर लाइन 1090, 108 एंबुलेंस सेवा समेत अन्य नंबरों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
यहां से साइबर क्राइम सेल पहुंची राज्यपाल ने साइबर अपराध के बढ़ते मामलों पर कार्रवाई की आवश्यकता जताई। महिला थाना का निरीक्षण करते हुए उन्होंने इंस्पेक्टर शारदा चौधरी से स्टाफ के बारे में पूछा।
इस मौके पर राज्यपाल के साथ ही एडीजी जोन एसएन सावत, आईजी रेंज एसके भगत और एसएसपी कलानिधि नैथानी ने कोतवाली परिसर में पौधरोपण भी किया। इस मौके पर एएसपी पूर्वी सुरेश चंद्र रावत, सीओ हजरतगंज अभय कुमार मिश्रा, इंस्पेक्टर राधा रमण सिंह समेत अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे।