सीतापुर के महमूदाबाद नगर पालिका परिषद के जेई चंद्रभान सिंह पर आय से अधिक संपत्ति हासिल करने का मुकदमा दर्ज किया गया है। यह मुकदमा भ्रष्टाचार निवारण संगठन के इंस्पेक्टर की तहरीर पर सुशांत गोल्फ सिटी थाने में दर्ज किया गया।
आरोप है कि दस साल के आय की जांच की गई। जिसमें उन्होंने आय से 85 प्रतिशत अधिक संपत्ति अर्जित की थी।
प्रभारी निरीक्षक सुशांत गोल्फ सिटी विजयेंद्र सिंह के मुताबिक, भ्रष्टाचार निवारण संगठन के निरीक्षक संजय सिंह ने तहरीर दी। जिसमें आरोप था कि सीतापुर के महमूदाबाद नगर पालिका परिषद में तैनात जेई चंद्रभान सिंह के पास आय से अधिक संपत्ति है।
इस बारे में जेई चंद्रभान सिंह ने कोई ठोस जवाब नहीं दिया है। भ्रष्टाचार निवारण संगठन ने जेई चंद्रभान की जनवरी 2009 से 31 मार्च 2018 के बीच आय और संपत्तियों का ब्योरा जुटाया।
इंस्पेक्टर संजय सिंह के मुताबिक इस दौरान जेई ने वेतन के रूम में कुल 2891976 रुपये, बोनस के रुप में 37944 रुपये, एरियर के रूप में 71208 रुपये व इन रुपये का बैंक से ब्याज 60963 रुपये हासिल किया।
जब खर्चों के बारे में पूछताछ की गई तो जेई ने कई बीमा योजना के बारे में जानकारी दी। जांच में पता चला कि सीतापुर के घंटाघर में लक्ष्मी मार्केट में एक कॉम्प्लेक्स 15,14,475 रुपये में खरीदा गया है।
इसके अलावा पत्नी व बेटे के नाम से कई स्थानों पर संपत्ति होने की पुष्टि हुई। बच्चों की पढ़ाई पर लाखों रुपये फीस के रूप में खर्च किया है। दस सालों में कुल 6195799 रुपये जेई द्वारा खर्च किए गए।
भ्रष्टाचार निवारण संगठन की टीम ने जांच में 28.57 लाख की अधिक संपत्ति पाई। जेई ने वेतन से करीब 85.56 प्रतिशत अधिक खर्च किया गया।
केंद्रीय मंत्री की शिकायत पर हुई कार्रवाई
जेई चंद्रभान सिंह के खिलाफ गृह विभाग को शिकायत भेजी गई थी। जेई के कारनामे की जानकारी होने पर मोहनलालगंज के भाजपा सांसद व केंद्रीय मंत्री कौशल किशोर ने 23 अगस्त 2020 को अपर मुख्य सचिव गृह को पत्र लिखकर शिकायत की थी। इसके बाद भारतीय मजदूर जागरण समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष रमेश चंद्र वर्मा ने की थी। रमेश ने यह शिकायती पत्र 24 नवंबर 2020 को भेजा था। दोनों शिकायती पत्र मिलने के बाद अपर मुख्य सचिव गृह ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन के अधिकारियों को जांच का आदेश दिया।