पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खां के मामले में पार्टी लाइन से हटकर बयान देने वाले कांग्रेस नेता फैसल लाला और मतीउर्रहमान को बाहर किया जाएगा।
फिलहाल, पार्टी की अनुशासन समिति ने उन्हें कारण बताओ नोटिस देकर पांच दिन में जवाब मांगा है। इसके बाद उन्हें छह साल के लिए निष्कासित करने की तैयारी है।
अनुशासन समिति की ओर से रामपुर के पार्टी नेता फैसल लाला को भेजे नोटिस में कहा गया कि आजम खां से उनकी पुरानी रंजिश है। निजी हित में पार्टी के बैनर का इस्तेमाल करते हुए गलत बयान दे रहे हैं।
वह खुद को यूपी कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग का प्रदेश उपाध्यक्ष भी बता रहे हैं, जबकि इस पद पर वह तैनात नहीं हैं। इसी तरह प्रदेश उपाध्यक्ष मतीउर्रहमान उर्फ बबलू को भी सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के रामपुर आगमन के कार्यक्रम के खिलाफ पार्टी की बिना अनुमति बयान देने को अनुशासनहीनता माना गया है।