लखनऊ विश्वविद्यालय में स्नातक कोर्सों में नेशनल एजुकेशन पॉलिसी (एनईपी) लागू होने के बाद अब पहले सेमेस्टर के विद्यार्थियों की परीक्षा कराने की तैयारी में लगा हुआ है।
इस क्रम में नए अध्यादेश के अनुसार उक्त विद्यार्थियों की परीक्षा भी करानी है, जिसके तहत अब अध्यादेश को एकेडमिक काउंसिल से पास कराने की कवायद शुरू हुई है। इसे बाई सर्कुलेशन पास करने के लिए सभी सदस्यों से सुझाव मांगे गए हैं।
यूडीआरसी निदेशक प्रो. अनिल मिश्रा की ओर से जारी सूचना में कहा गया है कि विद्या परिषद सोमवार को परिसंचरण के जरिये आयोजित है।
इसके माध्यम से आहूत विद्या परिषद की बैठक में पूर्व में गठित समिति द्वारा तैयार पहला यूजी आर्डिनेंस 2021 (एनईपी) सदस्यों के सामने प्रस्तुत किया गया है। इस पर सभी की सहमति मांगी गई है।
जानकारी के अनुसार इसी नए अध्यादेश के आधार पर अब पहले सेमेस्टर की परीक्षाएं भी आयोजित की जाएंगी।
हालांकि, कुछ शिक्षकों व सदस्यों का कहना है कि विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा जिस विद्या परिषद का उल्लेख किया जा रहा है उसकी बैठक में ऐसी किसी समिति की चर्चा नहीं हुई।
न ही समिति के सदस्यों के नाम सार्वजनिक हुए। जब अध्यादेश विद्या परिषद से पास नहीं हुआ है तो इसके आधार पर पढ़ाई कैसे हुई?
रजिस्ट्रार डॉ. विनोद कुमार सिंह ने कहा कि परिषद की सहमति से कुलपति ने तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया था। वहीं विभागों से भी सुझाव लिए गए थे, जिसके आधार पर अध्यादेश को तैयार कराकर पास करने के लिए रखा गया है।
लविवि-कॉलेज 30 तक बंद रहेंगे
शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देश के क्रम में लखनऊ विश्वविद्यालय द्वारा आदेश जारी कर कहा गया है कि विश्वविद्यालय व सहयुक्त कॉलेज अब भौतिक रूप से 30 जनवरी तक बंद रहेंगे। इस दौरान पूर्व की भांति ऑनलाइन क्लास आयोजित होंगी। रजिस्ट्रार डॉ. विनोद कुमार सिंह ने सभी संबंधितों को पत्र भेजकर इसका अनुपालन करने को कहा है।