प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने नोएडा और ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण के पूर्व मुख्य अभियंता यादव सिंह की 89 लाख रुपये की और संपत्ति अटैच की है। ईडी यादव के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने और अवैध तरीके से कमाए गए धन का शोधन करने के मामले की जांच कर रही है।
ईडी के अफसरों का कहना है कि इस बार एक आवासीय और एक कमर्शियल प्लाट, एक कृषि भूमि और बैंक खातों में जमा रकम जिनका कुल योग 89 लाख रुपये है, संबद्ध किया गया है। इससे पूर्व भी यादव सिंह और उनके परिवार के सदस्यों की संपत्ति अटैच की गई थी।
ईडी के मुताबिक अब तक कुल 21.5 करोड़ रुपये की संपत्ति अटैच की जा चुकी है। ईडी को जांच में इस बात के सुबूत मिले थे कि अवैध तरीके से हासिल रकम को कैसे डोनेशन के जरिए पहले यादव सिंह के एक ट्रस्ट में जमा कराया गया और फिर इसे परिवार के सदस्यों के खातों में स्थानांतरित किया गया।
इसके बाद किस तरह इस रकम से संपत्ति खरीदी गई। ईडी पीएमएलए एक्ट के तहत यादव सिंह और उनके सहयोगियों के खिलाफ आरोप पत्र भी दाखिल कर चुकी है।