उत्तर प्रदेश के जिला जालौन के उरई में अगवा की गईं दो सगी बहनों की हत्या कर उनके शवों को अलग अलग बोरे में भरकर नून नदी में फेंक दिया गया। शनिवार की दोपहर चरवाहों को पानी में उतराते बोरों से दुर्गंध आई तो पुलिस को सूचना दी।
बोरों में दो लड़कियों के शव देख सभी सन्न रह गए। एसपी राकेश शंकर फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट व स्वाट टीम के साथ मौके पर पहुंचे और साक्ष्यों को जुटाया। पिता ने पोस्टमार्टम हाउस में दोनों बेटियों की पहचान की। पुलिस हत्याकांड में कई बिंदुओं पर जांच करने की बात रही है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला रामनगर निवासी राजू शुक्ला मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण करते हैं। घटनाक्रम के मुताबिक बीते तीन सितंबर को राजू की बड़ी बेटी नीतू (17) घर से अचानक लापता हो गई थी।
पिता ने चार सितंबर को कुठौंद निवासी गौरव चतुर्वेदी के खिलाफ अगवा करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। करीब 14 दिन बाद पुलिस ने 18 सितंबर को नीतू को बरामद कर कोर्ट में पेश किया और पिता को सुपुर्द कर दिया था।