देश ने एक साथ सामाजिक, आर्थिक और राजनैतिक बदलाव का एक मुश्किल रास्ता चुना है। इस रास्ते पर सफलतापूर्व चलकर ही देश का विकास होगा। इसके लिए हमें जन आंदोलन खड़ा करना होगा। तभी हम विकास के लक्ष्य को पूरा कर पाएंगे। नीति आयोग के उपाध्यक्ष डॉ. राजीव कुमार ने मंगलवार को लखनऊ विश्वविद्यालय के 62वें दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर विद्यार्थियों को यह सीख दी।
उन्होंने युवाओं से अपेक्षा की कि वे इस आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाएं। विवि के दीक्षांत समारोह में विद्यार्थियों को 192 पदक और 40 हजार 35 डिग्री दी गईं। समारोह में डॉ. राजीव कुमार तथा मिशन चंद्रयान-2 की निदेशक डॉ. रितु करिधल श्रीवास्तव को मानद उपाधि भी प्रदान की गई।
डॉ. राजीव कुमार ने कहा कि इस समय पूरे विश्व की नजर भारत पर है। इसलिए हमें भी पूरे विश्व पर अपनी नजर रखनी होगी। आज हमारी योजनाओं- जनधन, जीएसटी और आयुष्मान जैसी योजनाएं पूरे विश्व में चर्चा का विषय हैं। भारत एक बड़ी अर्थव्यस्था है। इसमें सभी को मिलकर काम करना होगा। सब लोग जुडेंगे तभी यह देश विकास के पथ पर अग्रसर होगा।
62वें दीक्षांत समारोह की खासियत मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि और मानद उपाधि प्राप्त करने वाली विभूतियों का लविवि का पूर्व विद्यार्थी होना भी रहा। दीक्षांत समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में उप-मुख्यमंत्री और उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. दिनेश शर्मा भी उपस्थित रहे। राज्यपाल और लविवि की कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने समारोह की अध्यक्षता की। लविवि कुलपति प्रो.एसपी सिंह ने सभी को धन्यवाद दिया तथा लविवि की रिपोर्ट पेश की।