लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय से संबद्ध शासकीय व वित्त पोषित महाविद्यालयों के प्रधानाचार्यों के साथ जनभवन में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की अध्यक्षता में बृहस्पतिवार को बैठक हुई। इसमें लखनऊ विश्वविद्यालय से संबद्ध 17 शासकीय व 33 वित्त पोषित महाविद्यालयों की प्राचार्यों ने प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। राज्यपाल ने महाविद्यालयों में खाली पदों के सापेक्ष रिक्त पदों की स्थिति पर समयबद्ध नामांकन व नियुक्तियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही विद्यार्थियों की कम संख्या पर भी नाराजगी जताई। कम उपस्थिति के कारणों का समाधान करने के लिए भी कहा।
उन्होंने महाविद्यालयों के स्टाफ की उपलब्धता, लैब व कंप्यूटर कक्ष की स्थिति की जानकारी लेते हुए इन्हें दुरुस्त करने के निर्देश दिए। राज्यपाल ने महाविद्यालयों को नैक मूल्यांकन में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए कहा। इस दौरान कॉर्पोरेट सोशल रिस्पांसिबिलिटी (सीएसआर) फंड के प्रभावी उपयोग पर जोर देते हुए स्थानीय उद्योगों व बैंकों से समन्वय स्थापित कर संसाधनों को बढ़ाने का सुझाव दिया। साथ ही आंगनबाड़ी, टीबी उन्मूलन और एचपीवी वैक्सीनेशन जैसे जनकल्याणकारी कार्यक्रमों में महाविद्यालयों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।