उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय राजमार्गों को ठीक करने के लिए केंद्र सरकार पहले के मुकाबले ज्यादा धनराशि देगी। इसके लिए राज्य और केंद्र सरकार के बीच सहमति बन गई है। इस सहमति के आधार पर ही पीडब्ल्यूडी की एनएच विंग ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को प्रस्ताव भेज दिए हैं।
प्रदेश में राष्ट्रीय राजमार्गों की कुल लंबाई 7572 किलोमीटर है। इसमें से 4195 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के नियंत्रण में हैं, जबकि 3377 किलोमीटर लंबे राजमार्गों को पीडब्ल्यूडी की नेशनल हाईवे (एनएच) विंग देखती है। इनमें से अधिकतर राजमार्गों की हालत बेहद खराब है।
पीडब्ल्यूडी के नियंत्रण वाले राजमार्गों की मरम्मत और मजबूती के लिए हर साल 400-500 करोड़ रुपये मिलते रहे हैं।
हाल ही में एनएच विंग के अधिकारियों ने राष्ट्रीय राजमार्गों की मरम्मत और मजबूती के लिए बजट की कमी का मुद्दा केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के सामने रखा। यह भी बताया कि पीडब्ल्यूडी को अपने हिस्से के राष्ट्रीय राजमार्ग ठीक करवाने के लिए कम से कम 5500 करोड़ रुपये की जरूरत है।