यूपीपीसीएल में हुए पीएफ घोटाले की जांच कर रही सीबीआई टीम जल्द ही दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड (डीएचएफएल) के अधिकारियों से पूछताछ करेगी। सूत्रों का कहना है कि लॉकडाउन खत्म होने के फौरन बाद यह टीम मुंबई के लिए रवाना होगी।
पूछताछ के लिए सीबीआई ने छह सदस्यों की टीम बनाई है। इस मामले में सीबीआई ने यूपी में डीएचएफएल का काम देखने वाले अधिकारी से पहले ही पूछताछ की थी। क्योंकि यह निवेश बड़ी रकम का था इसलिए कंपनी के बड़े अधिकारियों से भी पूछताछ की जाएगी।
इससे पहले सीबीआई की टीम पिछले दिनों जेल में बंद यूपीपीसीएल के पूर्व अधिकारियों एपी मिश्रा, सुधांशु द्विवेदी और प्रवीण कुमार गुप्ता से पूछताछ कर चुकी है। यूपीपीसीएल के पूर्व चेयरमैन आलोक कुमार प्रथम और पूर्व एमडी अपर्णा यूपी के भी बयान दर्ज किए जा चुके हैं। इस मामले में संजय अग्रवाल के भी बयान दर्ज किए जाने हैं।
जब निजी कंपनियों में पीएफ के पैसे को निवेश की अनुमति दी गई उस समय संजय अग्रवाल ही यूपीपीसीएल के चेयरमैन थे। हालांकि ईओडब्ल्यू ने इस पूरे घोटाले में संजय अग्रवाल की भूमिका नहीं पाई थी। उनके कथित हस्ताक्षर की एफएसएल जांच कराई गई थी, जो फर्जी पाई गई थी।