होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीज व तीमारदार हर दिन इंट्रीग्रेटेड कंट्रोल रूम के संपर्क में रहेंगे। इस दौरान कोई भी मरीज या तीमारदारी में लगा व्यक्ति घर से बाहर नहीं घूमेगा। बाहर घूमने के सुबूत मिलने पर कोविड प्रोटोकॉल के उल्लंघन के तहत मुकदमा दर्ज करा मरीज को अस्पताल में शिफ्ट कराया जाएगा।
सरकार ने बीते दिनों बिना लक्षण वाले कोरोना मरीजों को होम आइसोलेशन में रहने का आदेश जारी किया है। जिले में करीब दो सौ से अधिक मरीज अभी होम आइसोलेशन में है। इन मरीजों को हर रोज अपनी सेहत का हाल कंट्रोल रूम में बताना पड़ेगा। संपर्क न होने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम को मरीज के घर भेजा जाएगा।
इस दौरान होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीज व खिदमत में लगे तीमारदार बाहर नही घूमेंगे। कोई भी शिकायत या सुबूत मिलने पर उन पर मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। उन्हें होम आइसोलेशन से हटाकर अस्पताल में शिफ्ट कराया जाएगा। कोरोना के नोडल अफसर डॉ. केपी त्रिपाठी के मुताबिक, घर पर रुकने वाले मरीज की किसी तरह की लापरवाही बर्दास्त नहीं की जाएगी। सख्ती से इसका अनुपालन कराया जाएगा।