चालक के पैर डैशबोर्ड पर रखकर बस दौड़ाते देख यात्री भी सहम गए। उन्होंने परिचालक से इसकी शिकायत की। हालांकि, वह बेबस नजर आया। उसने जवाब दिया कि चालक उसकी नहीं सुनेगा। इस पर लोगों ने चालक से भी आपत्ति जताई, लेकिन उस पर कोई असर नहीं हुआ और वह मनमानी करता रहा।
सीमा 80 की, बस 90 की स्पीड में दौड़ाई
परिवहन निगम का दावा कि जनरथ बस में कंपनी से ही स्पीड गवर्नर फिट होकर आया है। अब जनरथ बस 80 किमी से अधिक गति से नहीं दौड़ सकती है, पर चालक 90 किमी की गति से इस बस को भगाता रहा।
परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक यात्रियोें के सुरक्षित सफर के लिए चालक एवं परिचालक को नियम-कानून और नैतिकता का पाठ पढ़ाते हैं। इनके लिए जागरूकता अभियान भी शुरू किए गए, लेकिन चालक और परिचालक सुधरने का नाम ही नहीं ले रहे हैं।
जांच कराकर ड्राइवर पर होगी कार्रवाई
यात्री ने ऐसे चालक की करतूत वीडियो में कैद कर सराहनीय काम किया है। मामले की जांच कराकर ड्राइवर के खिलाफ कार्रवाई करेंगे। -डॉ. राजशेखर, प्रबंध निदेशक यूपी राज्य सड़क परिवहन निगम