लखनऊ विश्वविद्यालय अगले सेमेस्टर (मई) में बहुविकल्पीय प्रश्नों पर आधारित परीक्षा का आयोजन करेगा। विश्वविद्यालय ने इसकी तैयारी अभी से शुरू कर दी है। बहुविकल्पीय प्रश्नों पर आधारित परीक्षा कराने से पहले विवि अपने डीन, हेड व शिक्षकों को इसके अनुसार पेपर तैयार करने की बारीकी बताएगा।
इसके लिए यूजीसी, लोक सेवा आयोग व अन्य आयोगों, विश्वविद्यालयों के विशेषज्ञ भी बुलाए जाएंगे।विवि प्रशासन ने स्नातक में इसी सत्र 2018-19 में सेमेस्टर सिस्टम लागू किया है। अब विवि अगले सेमेस्टर परीक्षा की तैयारी में लग गया है।
विश्वविद्यालय ने पूर्व में ही बहुविकल्पीय प्रश्नों पर आधारित परीक्षा कराने की कवायद शुरू की थी लेकिन शिक्षकों के विरोध के कारण इसे स्थगित कर दिया गया था। निर्णय हुआ कि इसे इवेन सेमेस्टर में प्रभावी बनाया जाएगा। विवि की कवायद के अनुसार, बहुविकल्पीय प्रश्नों पर आधारित परीक्षा के लिए पहले क्वेश्चन बैंक होना जरूरी है।
क्वेश्चन बैंक कैसे तैयार हो, प्रश्न कैसे तैयार हों, उनके उत्तर कैसे होंगे, इन सारी चीजों के बारे में शिक्षकों को ट्रेंड किया जाएगा। इसके लिए विश्वविद्यालय यूजीसी, लोक सेवा आयोग समेत अन्य आयोग के विशेषज्ञों को बुलाएगा जो बहुविकल्पीय प्रश्नों पर आधारित परीक्षा के लिए पेपर तैयार करते हैं।