ज्यों ही विधानमंडल सत्र की कार्यवाही शुरू हुई बसपा के विधायक अपनी सीट छोड़कर वैल में आ गए और और राज्यपाल को बैनर पोस्टर दिखाने लगे।
इन पोस्टरों पर लिखा था कि अखिलेश तेरे राज में गन्ना जलता खेत में, इसके अलावा अवैध खनन पर भी बैनर्स सदन में लहराए गए।
बसपा ने क्या कहा
बसपा नेताओं ने अखिलेश सरकार पर जमकर निशाना साधा। इन नेताओं का कहना था कि सपा सरकार ने गरीबों के लिए कुछ नहीं किया है।
यह सरकार अवैध खनन को बढ़ावा दे रही है और इसके सभी नेता इससे धनउगाही करते हैं। नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने तो इसमें मुख्यमंत्री तक का नाम ले लिया।
उन्होंने सपा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि पूरे प्रदेश में सरकार गरीबों के घर, संपत्ति, जमीन पर कब्जा कर ही है।
क्या कहा आजम ने
बसपाई नेताओं के इस तरह के हंगामे पर संसदीय कार्यमंत्री आजम खां भड़क उठे। उन्होंने कहा कि विपक्ष का यह रवैया बेहद ही शर्मनाक है। उन्होंने बसपा को बेशर्म तक करार दिया।
रालोद ने तो हद पार कर दी
बसपा के नेताओं के इस हंगामे राष्ट्रीय लोकदल के विधायकों ने भी साथ दिया। रालोद के विधायक वीरपाल राठी और सुदेश शर्मा ने अर्धनग्न होकर प्रदर्शन किया और सदन की मर्यादा को धूल में मिला दिया।
राज्यपाल बीएल जोशी अपना अभिभाषण पूरा नहीं कर पाए और उन्हें बीच में ही लौटना पड़ा।
इन नेताओं ने शुरु से लेकर आखिर तक सदन में बवाल काटा और हंगामा किया। इनका कहना था कि सपा सरकार में पूरे प्रदेश में जंगलराज चल रहा है।
हंगामे के बाद दोनों सदन कल तक के लिए स्थगित
जोरदार हंगामे के बाद यूपी विधानसभा और विधानसभा को आखिरकार गुरुवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया है।
लेखानुदान पारित करवाने के लिए बुधवार से आहूत विधानमंडल सत्र का पहला दिन विपक्ष के हंगामे की भेंट चढ़ गया। दोनों सदनों में बहुजन समाज पार्टी ने अपने नेता नसीमुद्दीन सिद्दीकी और स्वामीप्रसाद मौर्य के नेतृत्व में वैल में पहुंचकर तगड़ा हंगामा किया, राज्यपाल का अभिभाषण तक पूरा नहीं हो पाया।
दोनों सदन दोपहर 12.20 तक के लिए स्थगित करने पड़े। स्थगन के बाद विधानसभा और विधान परिषद् की कार्यवाही जब दोबारा शुरू हुई, तो बसपा-रालोद के अलावा भाजपा विधायक भी हंगामे में शामिल हो गए।
आजम खां द्वारा हंगामा करने वाले विधायकों को बेशर्म कहे जाने को भी प्रतिपक्ष ने मुद्दा बना लिया।
हंगामा थमते नहीं दिखा, तो विधान परिषद् के अध्यक्ष गणेशशंकर पांडेय और विधानसभा के अध्यक्ष माताप्रसाद पांडेय ने गुरुवार सुबह 11 बजे तक के लिए सदन स्थगित कर दिए।