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बाबा सिद्दीकी हत्याकांड: शूटर शिवा की नहीं है क्रिमिनल हिस्ट्री, ग्लॉक पिस्टल से मारी गई थीं गोलियां

Mon, 11 Nov 2024 08:48 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ

सार

Baba Siddiqui murder case: बाबा सिद्दीकी हत्याकांड के मुख्य शूटर शिव कुमार उर्फ शिवा को लेकर नई जानकारियां सामने आ रही हैं। पुलिस की जांच में यह भी पता चला है कि गोली किस पिस्टल से चलाई गई। 
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बाबा सिद्दीकी का हत्यारा गिरफ्तार - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बाबा सिद्दीकी की हत्या करने वाले मुख्य शूटर शिव कुमार गौतम उर्फ शिवा को उसके चार अन्य साथियों के साथ यूपी एसटीएफ और मुंबई क्राइम ब्रांच ने रविवार को बहराइच के नानपारा इलाके से गिरफ्तार किया था। उनसे पूछताछ में सामने आया है कि शूटर शिवकुमार, धर्मराज कश्यप, उसका भाई अनुराग कश्यप, ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी, आकाश श्रीवास्तव और अखिलेंद्र प्रताप सिंह दोस्त हैं। शिवकुमार घटना को अंजाम देने के बाद फरार हो गया था और इंस्टाग्राम के जरिए चारों के संपर्क में था। कई बार उसने दूसरों का फोन लेकर भी अपने दोस्तों और ननिहाल में बात की थी। यह भी सामने आया है कि अनुराग कश्यप, ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी, आकाश श्रीवास्तव और अखिलेंद्र पर जुलाई माह में कैसरगंज थाने में पाक्सो एक्ट का मुकदमा भी दर्ज हो चुका है, जबकि शिवकुमार को कोई आपराधिक इतिहास नहीं है।

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ग्लॉक पिस्टल से मारी गोलियां
शिवकुमार ने पूछताछ में बताया कि उन्हें बाबा सिद्दीकी और उनके बेटे जीशान को मारने की सुपारी दी गई थी। हालांकि गाड़ी में केवल बाबा सिद्दीकी ही मौजूद थे। उसने आस्ट्रेलिया निर्मित ग्लॉक पिस्टल से बाबा सिद्दीकी पर 6 गोलियां चलाई थीं, जिसमें से तीन मिस हो गई थी। बता दें कि बाबा सिद्दीकी की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी तीन गोलियां लगने की पुष्टि हुई है। लारेंस के भाई अनमोल विश्नोई ने उनसे कहा था कि इस वारदात के बाद गैंग की टीआरपी बढ़ जाएगी, जिससे मुंबई में ज्यादा वसूली होगी।

एसटीएफ कर रही थी सुरागरसी
दरअसल, मुंबई पुलिस के अनुरोध पर एसटीएफ शिवकुमार और धर्मराज के परिजनों और दोस्तों की लगातार सुरागरसी कर रही थी। घटना के बाद फरार हुए शिवकुमार ने जब अनुराग, ज्ञानप्रकाश, आकाश और अखिलेंद्र से संपर्क साधना शुरू किया तो एसटीएफ को भनक लग गई। जिसके बाद उनकी तलाश की जाने लगी। हालांकि सोशल मीडिया के जरिए संपर्क करने की वजह से कई बार वह पुलिस के हाथ में आने बच गए। रविवार को सही लोकेशन मिलने पर पांचों को दबोच लिया गया।

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