मूल रूप से बाराबंकी के देवा स्थित रेंदुवा पलरी गांव निवासी सुखलाल (45) सैरपुर स्थित छठामील पर पंक्चर की दुकान लगाते थे। मौसेरे भाई अनिल ने बताया कि सुखलाल भाई दूज पर अपनी पत्नी पुष्पा, बेटे आयुष (13), दो बेटियों मुस्कान और लाडो को लेकर बक्शी का तालाब पश्चिम गांव स्थित साढ़ू के घर गए थे। वहां उनकी बड़ी बेटी शगुन पहले से मौजूद थी। भाई दूज मनाने के बाद रविवार शाम सुखलाल परिवार के साथ लौट रहे थे। साढ़ू का भतीजा मिथुन अपने भाई अतुल के साथ ऑटो लेकर सभी को छोड़ने के लिए निकला था।
रास्ते में सैरपुर स्थित रैथा रोड के पास वैन की ऑटो से टक्कर हो गई। स्थानीय लोगों ने पुलिस को मामले की जानकारी दी। घायलाें को बाहर निकालकर अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल में सुखलाल और उनके बेटे आयुष की मौत हो गई। पुलिस ने सड़क से दुर्घटनाग्रस्त ऑटो किनारे कराया। सुखलाल की पत्नी और दो बेटियों को प्राथमिक इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई। वहीं, मिथुन का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। हादसे में अतुल भी घायल हो गया।
पति और बेटे की मौत की खबर सुनकर बेहोश हुईं पुष्पा
परिजनों ने काफी देर तक पुष्पा को पति व बेटे की मौत की जानकारी नहीं दी। सोमवार को किसी तरह परिजनों ने पुष्पा को दोनों की मौत की सूचना दी, जिसे सुनते ही वह बेहोश हो गईं। पोस्टमार्टम के बाद शवों के घर पहुंचने पर परिवार में कोहराम मच गया। भाई और पिता की मौत से शगुन, मुस्कान और लाडो का रो-रोकर बुरा हाल है। आयुष सरकारी स्कूल में कक्षा सात में पढ़ता था।
हिरासत में आरोपी वैन चालक
इंस्पेक्टर सैरपुर के मुताबिक आरोपी वैन चालक नशे में धुत था। उसे हिरासत में लिया गया है। पीड़ित परिवार की तहरीर पर एफआईआर दर्ज की जाएगी। वैन के कागजात भी खंगाले जाएंगे। आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
सुखलाल की फाइल फोटो।
सुखलाल की फाइल फोटो।