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Lucknow: हिस्ट्रीशीटरों ने अवैध कब्जा कर लगाई गुमटी, कार्रवाई होने पर विरोध में आए विधायक व जिलाध्यक्ष

Fri, 20 Jun 2025 03:16 PM IST
ishwar ashish अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

लखनऊ के निगोहां में अवैध कब्जा करने वाले हिस्ट्रीशीटरों के समर्थन में भाजपा के विधायक और जिलाध्यक्ष आ गए। अवैध कब्जा करने वाले दोंनों हिस्ट्रीशीटर भाजपा में पदाधिकारी हैं।
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गुमटी लगवाने पहुंचे भाजपा जिलाध्यक्ष व विधायक। - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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निगोहां के नंदौली गांव में पंचायत भवन के गेट पर हिस्ट्रीशीटर ने अवैध कब्जा कर गुमटी रख टिनशेड डाल रखा था। उसके दोनों भाई भी हिस्ट्रीशीटर हैं। दोनों भाजपा में पदाधिकारी है। इसलिए मोहनलालगंज के भाजपा विधायक और जिलाध्यक्ष उनके समर्थन में आ गए हैं।

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बृहस्पतिवार को दोनों नेता समर्थकों के साथ मौके पर पहुंचे। अवैध कब्जा हटाए जाने का विरोध किया। फिर से वहीं गुमटी रखवाने पर अड़ गए। पुलिस अधिकारी पहुंचे तो उनसे भी बहस हुई। ग्रामीणों ने भी गुमटी रखने का विरोध किया। दरअसल पंचायत भवन के गेट के पास दो गुमटी व टिनशेड से अतिक्रमण किया गया था। शिकायत के बाद भी ये अवैध कब्जा नहीं हटा था। मंगलवार को ग्राम प्रधान रीना सिंह ने महिलाओं व प्रधान संघ के पदाधिकारियों के साथ धरना दिया। तब पुलिस व राजस्व की टीम ने ये गुमटी व कब्जा हटाया।

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अब जानकारी मिली है कि गुमटी हिस्ट्रीशीटर उमेश सिंह ने रखी थी। उमेश के भाई राकेश सिंह भाजपा में सेक्टर संयोजक व दूसरे भाई सवेंद्र सिंह बूथ अध्यक्ष हैं। ये दोनों भी हिस्ट्रीशीटर हैं। इनके समर्थन में मोहनलालगंज भाजपा विधायक अशोक कुमार रावत और भाजपा जिलाध्यक्ष विजय कुमार मौर्य ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया गया है। बृहस्पतिवार को दोनों नेता गुमटी रखवाने के लिए पहुंचे, लेकिन सफल नहीं हो सके। 

फेसबुक पर डाला वीडियो, कब्जा करने के समर्थन में पोस्ट विधायक अमरेश कुमार रावत ने इस मामले में अपने फेसबुक अकाउंट से एक वीडियो भी पोस्ट किया है। पोस्ट में लिखा है कि कुछ अराजकत तत्वों ने सेक्टर संयोजक राकेश सिंह की दुकान को तोड़ दिया है। एसडीएम की तत्काल कानूनी कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया। खास ये है कि विधायक के अनुसार कार्रवाई अराजक तत्व ने की, जबकि वास्तव में कार्रवाई प्रशासन ने जांच के बाद की है।

भवन के आसपास गुमटी रखने में क्या दिक्कत ग्रामीणों व प्रधान का कहना है कि पंचायत भवन के आसपास पूरी जमीन ग्राम समाज की है। आरोप लगाया कि गुमटी रखने का मकसद जमीन पर कब्जा करना। इसलिए विरोध किया जा रहा है। बृहस्पतिवार को जब पुलिस मौके पर पहुंची तो अमरेश कुमार रावत और भाजपा जिलाध्यक्ष विजय कुमार मौर्य ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। बृहस्पतिवार को दोनों नेता गुमटी रखवाने के लिए पहुंचे, लेकिन सफल नहीं हो सके।

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भवन के आसपास गुमटी रखने में क्या दिक्कत: ग्रामीणों व प्रधान का कहना है कि पंचायत भवन के आसपास पूरी जमीन ग्राम समाज की है। आरोप लगाया कि गुमटी रखने का मकसद जमीन पर कब्जा करना था, इसीलिए विरोध किया जा रहा है। बृहस्पतिवार को जब पुलिस पहुंची तो भाजपा जिलाध्यक्ष का कहना था कि भवन के गेट के बजाय असके आसपास गुमटी रखने में क्या ही दिक्कत होगी। 
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फेसबुक पर डाला वीडियो, कब्जा करने के समर्थन में पोस्ट

विधायक अमरेश कुमार रावत ने इस मामले में अपने फेसबुक से एक वीडियो भी पोस्ट किया है। पोस्ट में लिखा है कि कुछ अराजक तत्वों ने सेक्टर संयोजक राकेश सिंह की दुकान को तोड़ दिया है। एसडीएम को तत्काल कानूनी कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया। खास ये है कि विधायक के अनुसार कार्रवाई अराजक तत्व ने की, जबकि वास्तव में कार्रवाई प्रशासन ने जांच की बाद की है। 

भाजपा विधायक अमरेश कुमार रावत ने बताया कि गुमटी बहुत पहले से रखी थी। अगर गलत थी तो नोटिस देकर समय देना चाहिए था। जैसे कार्रवाई की गई वह पूरी तरह से गुंडई है। टीम के साथ अन्य कुछ लोगों ने भी मिलकर सामान फेंका और भट्ठी आदि तोड़ी। ये सरासर गलत है। मैंने एसओ और एसडीएम से बात भी की है। 

भाजपा जिलाध्यक्ष विजय कुमार मौर्य के अनुसार 1990 से गुमटी रखी थी। वर्तमान ग्राम प्रधान ने उसी गुमटी के पीछे पंचायत भवन का गेट बनवा दिया। जिससे गुमटी हटवाई जा सके। अराजकता के साथ कार्रवाई की गई। मैंने कहा है कि कोई वैकल्पिक व्यवस्था कराई जाए। 

मोहनलालगंज के एसडीएम अंकित शुक्ला ने बताया कि मामले की जांच की गई थी। जांच में पंचायत भवन के पास अवैध कब्जा व अतिक्रमण पाया गया था। पुलिस के सहयोग से राजस्व की टीम ने कार्रवाई करते हुए उसको हटाया था।
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