योगी सरकार की ओर से शुरू की गई एंटी रोमियो स्क्वायड मौजूदा समय में कागजी खानापूरी तक सीमित हो गई। लिहाजा इसे नए सिरे व्यवस्थित करते हुए और ताकत देने की कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए डीजीपी मुख्यालय एक योजना बना रहा है। इसके तहत ग्रामीण क्षेत्रों में शोहदों को चिह्नित करने के अलावा शराब ठेकों के आसपास लगने वाले जमावड़ों पर यह स्क्वायड निगाह रखेगा। इस बाबत डीजीपी जल्द निर्देश जारी करेगा।
बता दें, दरअसल भाजपा ने अपने घोषणा पत्र में एंटी रोमियो स्क्वायड बनाने का वादा किया था। सरकार बनी तो थाने स्तर पर एंटी रोमियो दल का गठन कर कार्रवाई शुरू की गई। मगर सगे भाई-बहन और पति-पत्नी तक इस स्क्वायड की जद में आने लगे।
इसके बाद अलग-अलग समय में एंटी रोमियो स्क्वायड के गठन को लेकर अलग-अलग गाइडलाइन जारी की गई। इतना ही नहीं, इस स्क्वायड को महिला पावर लाइन 1090 में प्रशिक्षण भी दिलाया गया।
डीजीपी मुख्यालय का दावा है कि पिछले एक वर्ष में 12.5 लाख व्यक्तियों को सचेत किया जा चुका है। 2,068 एफआईआर दर्ज कर 3,540 लोगों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की गई। इस दौरान पूरे प्रदेश में लगभग 10 लाख स्थानों पर 27.6 लाख लोगों को चेक किया गया है।