लखनऊ। पशुपालन विभाग के निदेशक डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने डॉ. मनोज कुमार और उनके बेटे समर्थ चौधरी पर उत्पीड़न व ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया है। उन्होंने दोनों के खिलाफ हसनगंज थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।
निदेशक के अनुसार, डॉ. मनोज और समर्थ वेटनरी डॉक्टर्स वेलफेयर सोसाइटी नाम से व्हाट्सएप ग्रुप चलाते हैं। आरोपियों ने उन्हें भी इस ग्रुप में जोड़ रखा है। वर्ष 2024 से ग्रुप में उनके खिलाफ लगातार आपत्तिजनक टिप्पणियां की जा रही हैं। 16 नवंबर 2024 को उनके लिए अभद्र भाषा का इस्तेमाल हुआ। इसके बाद 21 नवंबर 2024 को दोनों ने दफ्तर पहुंचकर मारपीट की कोशिश की। आरोपियों ने डॉ. राजेंद्र से 20 लाख रुपये की मांग भी की है। रुपये न देने पर भ्रष्टाचार के झूठे आरोप लगाकर बदनाम करने की धमकी दी गई। आरोप है कि जून 2026 में आरोपियों ने उनके खिलाफ शासन, पशुपालन विभाग के मंत्री और अन्य अफसरों से झूठी शिकायतें कीं। इन शिकायतों में गंभीर आरोप लगाए गए थे। शिकायत पत्रों को व्हाट्सएप ग्रुप में डालकर उनकी छवि धूमिल की गई। विरोध करने पर आरोपियों ने कानूनी कार्रवाई की धमकी भी दी। इंस्पेक्टर चितवन के अनुसार, जांच जारी है। साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।