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राहत: केजीएमयू-लोहिया संस्थान में सभी बेड खाली, पॉजिटिव आने वाले अधिकतर मरीज होम आइसोलेशन में हो रहे ठीक

Mon, 02 Aug 2021 03:33 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ

सार

पीजीआई कोविड अस्पताल के प्रभारी डॉ. आरके सिंह ने बताया कि संस्थान में दो मरीज आईसीयू में हैं। ये मरीज पहले से किसी न किसी बीमारी से ग्रस्त थे। मरीजों की हालत में पहले से सुधार है। वहीं, कमांड हॉस्पिटल में तीन मरीज भर्ती हैं।
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
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विस्तार
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कोरोना की दूसरी लहर में कोविड अस्पतालों में जहां एक-एक बेड के लिए मारामारी थी वहीं अब केजीएमयू-लोहिया संस्थान में सभी बेड खाली पड़े हैं। रविवार को सरकारी कोविड संस्थानों में महज पांच मरीज आईसीयू में भर्ती थे। ये मरीज पहले से किसी न किसी बीमारी से ग्रस्त हैं। सीएमओ डॉ. मनोज के मुताबिक, अधिकतर मरीज होम आइसोलेशन में ठीक हो रहे हैं। बीमार-बुजुर्ग को ही अस्पताल जाना पड़ रहा है।

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पीजीआई कोविड अस्पताल के प्रभारी डॉ. आरके सिंह ने बताया कि संस्थान में दो मरीज आईसीयू में हैं। ये मरीज पहले से किसी न किसी बीमारी से ग्रस्त थे। मरीजों की हालत में पहले से सुधार है। वहीं, कमांड हॉस्पिटल में तीन मरीज भर्ती हैं।

वहीं, केजीएमयू-लोहिया संस्थान कोविड अस्पताल में करीब पंद्रह दिन से एक भी मरीज भर्ती नहीं हुआ है। दोनों संस्थानों में सभी बेड खाली हैं। लोहिया संस्थान के प्रवक्ता डॉ. श्रीकेश सिंह ने बताया कि कोविड का एक भी मरीज भर्ती नहीं है। ब्लैक फंगस के नौ मरीज भर्ती हैं। दो हफ्ते से कोरोना को कोई मरीज भर्ती नहीं हुआ है। केजीएमयू कोविड अस्पताल के प्रभारी डॉ. जेडी रावत ने बताया कि आरएलसी कोविड अस्पताल पूरी तरह से खाली पड़ा है।

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फोकस सैंपलिंग में 65 हजार की जांच, मिले सात पॉजिटिव

डिप्टी सीएमओ डॉ. मिलिंद वर्धन ने बताया कि कोरोना की तीसरी संभावित लहर का पता लगाने के लिए फोकस सैंपलिंग अभियान शुरू किया था। जुलाई माहभर में 65 हजार से अधिक लोगों के नमूने लेकर जांचे गए। इसमें महज सात पॉजिटिव मिले। इसमें मुंबई से शूटिंग के लिए आई टीम के पांच लोग संक्रमित मिले थे। जबकि एक-एक केस एयरपोर्ट व रेलवे स्टेशन से आया था। इससे साफ है कि संक्रमण प्रसार के कोई भी सुबूत नहीं मिले हैं।
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