सपा अध्यक्ष ने कहा, लॉकडाउन के चलते दुग्ध संग्रह केंद्र बंद हो चुके हैं। गांवों का दूध शहरों में नहीं आ रहा है। पशु आहार महंगा हो गया है। लखनऊ समेत सभी शहरों में मिष्टान्न भंडारों में ताले लगे गए हैं। चाय की दुकानों का धंधा चौपट है। सरकार ने गोपालकों की दिक्कतों से पूरी तरह मुंह मोड़ लिया है। उन्हें प्रतिमाह जो रकम दी जानी थी, वह भी नहीं दी जा रही।