एक माह का इंतजार फिर मिलेगा मौका कम खर्च में हवाई यात्रा का। दरअसल
विमान कंपनियों ने 22 फरवरी से लीन सीजन के कारण अपने विमान किराए में भारी
कटौती करने की घोषणा की है।
इसके पीछे विशेषज्ञों का तर्क है कि विमान
कंपनियां एक माह पहले ही एडवांस बुकिंग पर यात्रियों से 300 से 400 करोड़
रुपये इकट्ठा कर लेंगी, जिनसे वह लीन सीजन में कम यात्रियों के आने पर होने
वाले आर्थिक संकट से उबर सकेंगी।
ट्रैवल
एजेंसी संचालक गगन गुरनानी के मुताबिक सोमवार से दिल्ली और मुंबई के लिए 22
फरवरी के बाद का विमान टिकट बुक कराने के लिए होड़ मची हुई है।
विमान
कंपनियां 22 फरवरी के बाद दिल्ली का टिकट 1600 और मुंबई का टिकट 3000 से
3200 रुपये के बीच बेच रही हैं। आमतौर पर दिल्ली का न्यूनतम किराया ही 2200
रुपये होता है, जो सामान्य तौर पर 3000 रुपये से अधिक चलता है।
इसी तरह
मुंबई का न्यूनतम किराया 5500 रुपये होता है जो कि सामान्य तौर पर 8000 से
9000 रुपये के बीच पहुंच जाता है। मुंबई और दिल्ली के लिए 70 प्रतिशत से
अधिक ट्रैफिक लखनऊ से रवाना होता है।
यहां के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय
हवाई अड्डे से रोजाना दो दर्जन से अधिक विमानों से करीब आठ हजार से अधिक
यात्री सफर करते हैं।
रियायती मूल्य के हवाई टिकट सीमित सीटों के लिए ही
हैं। हालांकि इनसे भी 22 फरवरी के बाद के विमानों में रोजाना दो से ढाई
हजार यात्री कम किराए में यात्रा कर सकेंगे।