अलीगंज की नामचीन दुकान राधेलाल स्वीट्स की मिठाइयों में जानलेवा स्तर तक मिलावट मिली है। यहां बेची जा रही सामग्री बनाने में इस्तेमाल देसी घी, पिसी मिर्च, हल्दी के अलावा मिल्क बर्फी में जान दांव पर लगाने वाली प्रतिबंधित सामग्री की मिलावट पकड़ी गई है। इसका खुलासा खाद्य सामग्री के नौ नमूनों की रिपोर्ट में हुआ है।
एफएसडीए ने तीन सितंबर को दुकान पर छापामारी की थी। इसके किचन से खाद्य सामग्री के साथ मिठाई के नमूने लिए गए थे। फास्ट ट्रैक लैब की ओर से शुक्रवार को जारी रिपोर्ट में राधेलाल स्वीट्स के नौ में से पांच नमूनों को जानलेवा स्तर तक की मिलावट में असुरक्षित श्रेणी में और चार नमूनों को अधोमानक (घटिया) व पैकेजिंग एक्ट के मानकों की अनदेखी में सुरक्षित श्रेणी में फेल माना है। एफएसडीए के मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी एसके मिश्रा ने बताया कि दुकान संचालक को नोटिस भेजा जा रहा है।
यहां पिसी हल्दी में जानलेवा स्तर तक प्रतिबंधित रंग बटर येलो की मिलावट मिली। वहीं, मिर्च पाउडर का नमूना प्रतिबंधित रंग सूडान 2 व 3, देसी घी में मरे कीट के अवशेष, मिल्क बर्फी व कमल मिठाई में प्रतिबंधित सोडियम व सल्फाइट की मिलावट मिलने पर इन्हें जानलेवा स्तर तक खतरनाक (असुरक्षित) श्रेणी में फेल माना गया।
तिरंगा मोदक मिठाई, अमृत खट्टा (नमकीन) मसाला, सौंफ व खाद्य सामग्री बनाने में इस्तेमाल सोडियम हाइड्रो सल्फाइट को पैकेजिंग एक्ट के उल्लंघन व अधोमानक (घटिया) पाए जाने पर रिपोर्ट को सुरक्षित श्रेणी में निगेटिव बताया गया है।