स्कूल, अस्पताल और जू समेत साइलेंस जोन में आने वाले संस्थान के आसपास ध्वनि प्रदूषण फैलाने वालों पर प्रशासन अब सीधी कार्रवाई करेगा।
ध्वनि प्रदूषण फैलाने वालों की धरपकड़ के लिए तीन सदस्यीय निगरानी दस्ता गठित होगा। मामला साबित होने पर ऐसे आरोपियों को पांच साल तक की जेल या एक लाख रुपये तक जुर्माने की सजा भुगतनी पड़ेगी।
साइलेंस जोन में वाहनों व अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों के बढ़ते शोर पर लगाम कसने की यह कवायद जिला प्रशासन की टीम ट्रैफिक पुलिस के साथ मिलकर शुरू करेगी।
जिला प्रशासन भी औचक निरीक्षण अभियान शुरू करेगा। ध्वनि प्रदूषण रोकने के प्रावधानों व नियमों का सख्ती से पालन कराया जाएगा।
ध्वनि प्रदूषण की निगरानी के लिए बनाए जाने वाले चेकिंग दस्ते में एडीएम स्तरीय अधिकारी की अध्यक्षता में संबंधित क्षेत्र के थानाध्यक्ष, सीओ ट्रैफिक और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी शामिल रहेंगे।