पुलिस की गिरफ्त में आरोपी अतुल।
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अतुल ने बताया कि वह अपनी गर्ल फ्रेंड को प्रभावित करने और बस व ट्रेन में फ्री में यात्रा करने के लिए खुद को पुलिसकर्मी बताता था। उसने बताया कि चार साल से वह खुद को पुलिसकर्मी बताकर मुफ्त में घूमता-फिरता था।
कंप्यूटर ऑपरेटर का फर्जी आई कार्ड नोएडा से बनवाया था। पुलिस ने उसके खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं में केस दर्ज किया है। फर्जी आई कार्ड कहां से बनवाया गया था? इस बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
अतुल ने बताया कि उसकी गर्ल फ्रेंड आईटी कॉलेज में पढ़ती है। उससे फेसबुक पर दोस्ती हुई थी। चैटिंग के दौरान छात्रा को प्रभाव में लेने के लिए उसने खुद को पुलिसकर्मी बताया था। उसने अपनी बहादुरी के कई फर्जी किस्से छात्रा को सुनाए। छात्रा से उसका करीब डेढ़ साल से प्रेम संबंध था।
इंस्पेक्टर ने बताया कि अतुल कुमार सिंह अक्सर लखनऊ आकर होटल में ठहरता था। उसकी पुलिस विभाग में ही कंप्यूटर ऑपरेटर से दोस्ती है। उसके लखनऊ आते ही कंप्यूटर ऑपरेटर भी होटल में आ जाता था। उसे देखकर ही अतुल के दिमाग में फर्जी पुलिसकर्मी बनने का आइडिया आया था।