शहर की दो लाख आबादी अंधेरे में
रायबरेली। सीएम योगी आदित्यनाथ ने आंधी-पानी के बाद बदहाल हुई बिजली व्यवस्था को भले ही जल्द ठीक करने का आदेश दिया है, लेकिन यहां ऐसा नहीं दिख रहा है। शहर में पिछले दो दिनों से करीब दो लाख आबादी को बिजली नहीं मिली है। ऐसे में ये आबादी अंधेरे में रहने को मजबूर हैं।
बिजली न मिलने के कारण शहर में पानी की आपूर्ति ठप हो गई है। इससे पानी तक को लेकर हाहाकार मची है। पालिका की ओर से टैंकरों से पानी लोगों को दिया जा रहा है। बावजूद पावर कॉर्पोरेशन के अभियंता भी हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं। तेलियाकोट उपकेंद्र में ट्रांसफार्मर खराब होने की वजह से यह हाल शहरवासियों का है।
शहर क्षेत्र के तेलियाकोट उपकेंद्र में लगे 10 एमबीए के ट्रांसफार्मर से रायपुर, राजघाट, टाउन प्रथम फीडर निकले हैं। इन फीडरों से करीब दो लाख आबादी को बिजली मिलती है। पांच दिन पहले आए आंधी-पानी से यह ट्रांसफार्मर खराब हो गया था।
इससे इन फीडरों की आपूर्ति प्रभावित है। तीनों फीडर में लोड अधिक होने की वजह से जिस उपकेंद्र के फीडर से जोड़ा जाता है, वह ट्रिप हो जाता है। तीन दिन तक इंदिरा नगर, प्रगतिपुरम, गोराबाजार के उपकेंद्र से किसी तरह आपूर्ति की गई, लेकिन दो दिन से गर्मी अधिक बढ़ने से लोड और बढ़ गया। इससे फीडर नहीं चल पा रहे हैं। इससे बिजली के साथ-साथ पानी को लेकर हाहाकार मचा है।
शहर के अमर नगर, खिन्नीतल्ला, राना नगर, हनुमंत नगर, खतराना, खटिकाना, राजघाट समेत दो दर्जन मोहल्लों की बिजली और पानी आपूर्ति प्रभावित है। राना नगर निवासी शिवकुमार, दिनेश कुमार, खिन्नीतल्ला निवासी मो. शमीम, आशिक, राजघाट निवासी अनिल बाजपेयी, शिवकुमार ने बताया कि एक बिजली नहीं मिलने से गर्मी में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
रात तो किसी तरह छतों पर लेटकर बिता ली जाती है, लेकिन दिन में कमरे आग उगलते हैं। ऐसे में महिलाओं व बच्चों, बुजुर्गों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। सबसे ज्यादा दिक्कत पानी की हो रही है। सुबह हैंडपंपों में लाइन लगानी पड़ रही है। पालिका की ओर से टैंकर भेजा जा रहा है, लेकिन उसमें पानी कम पड़ जाता है। समस्या देखने व सुनने वाला कोई नहीं है।
जिस दिन से समस्या आई है, उसी दिन से वितरण खंड प्रथम के एक्सईएन एके दोहरे और एसडीओ टाउन अमित कुमार श्रीवास्तव का फोन नहीं उठता है। उपभोक्ता फोन मिलाते हैं, तो बताया कि अपनी शिकायत 1912 पर करिए। एक्सईएन और एसडीओ की कार्यशैली से उपभोक्ताओं पर नाराजगी है। यदि यही हाल रहा तो शहरवासियों का गुस्सा सड़क तक पहुंच सकता है।
पावर कॉर्पोरेशन के अधीक्षण अभियंता पंकज श्रीवास्तव का कहना है कि, तेलियाकोट का ट्रांसफार्मर खराब होने के कारण दिक्कत आ रही है। प्रभावित फीडरों को दूसरे फीडरों से जोड़कर चलवाए जा रहे हैं। दो तीन दिन के अंदर ट्रांसफार्मर आ जाएगा, उसके बार स्थिति सामान्य हो जाएगी। यदि एक्सईएन और एसडीओ फोन नहीं उठा रहे हैं तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। जनता की समस्या को सुनना चाहिए।