लोकसभा चुनाव की आहट के साथ ही अखिलेश सरकार इलेक्शन मोड में आ गई है।
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सोमवार को अपना एजेंडा रखते हुए शहरों व गांवों के लिए लुभावनी घोषणाएं की।
विकास का इन्फ्रास्ट्रक्चर तैयार करने की दिशा में कदम आगे बढ़ाने का दावा करते हुए 2016 तक शहरों को 24 घंटे तथा गांवों को 16 घंटे बिजली का भरोसा दिलाया तो मोबाइल फोन की तर्ज पर बिजली के प्री-पेड कनेक्शन की सेवा जल्द शुरू करने की घोषणा भी की।
सरकार का कहना है कि डॉक्टरों की कमी दूर करने तथा लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए सरकार का जोर ज्यादा से ज्यादा मेडिकल कॉलेज खोलने पर है।
प्री-पेड बिजली सेवा जल्द
मुख्यमंत्री ने शहरों को 24 घंटे बिजली आपूर्ति की योजना का ब्योरा देते हुए कहा कि बिजली बिल के भुगतान के लिए जल्द ही प्री-पेड सेवा लागू होगी। यह व्यवस्था सबसे पहले सरकारी कालोनियों में लागू की जाएगी। इसके बाद धीरे धीरे सभी क्षेत्रों में लागू होगी।
दुग्ध उत्पादन की चार ईकाइयां
मुख्यमंत्री ने बताया कि पांच-पांच लाख लीटर प्रतिदिन दूध का उत्पादन करने वाली चार इकाइयां स्थापित की जाएंगी। इससे 7300 लाख लीटर सालाना अतिरिक्त दूध का उत्पादन होगा।
लखनऊ, कानपुर देहात, वाराणसी एवं इटावा के सैफई में अमूल के दुग्ध उत्पाद संयंत्रों की स्थापना की जाएगी। इससे 20 हजार से अधिक नए रोजगार सृजित होंगे।
37 आरओबी, 211 नए पुल
चालू वित्त वर्ष में 37 आरओबी पूरा करने का लक्ष्य है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 151 पुराने पुल पूरे किए जा चुके हैं, 211 नए स्वीकृत हुए हैं।
प्रदेश की दो लाख किमी. से अधिक ग्रामीण सड़कों की देखभाल के लिए नई नीति बनाई गई है। इसके लिए 3200 करोड़ रुपये की अतिरिक्त जरूरत होगी।
बदायूं व जौनपुर में नए मेडिकल कालेज
ग्रेटर नोएडा में लखनऊ के एसजीपीजीआई की तर्ज पर चिकित्सा विवि तथा नोएडा में बच्चों के सुपर स्पेशिएलिटी चिकित्सा संस्थान की स्थापना की जा रही है।
बदायूं व जौनपुर में नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। बांदा व सहारनपुर मेडिकल कॉलेज में आगामी सत्र से प्रवेश शुरू हो जाएगा।
ग्रेटर नोएडा टाउनशिप व दादरी प्रोजेक्ट के लिए 1009 करोड़
औद्योगिकीकरण को बढ़ावा देने के लिए ईस्टर्न डेडीकेटेड फ्रेट कॉरीडोर के अंतर्गत इलाहाबाद में 1200 एकड़ में इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल टाउनशिप विकसित करने का प्रस्ताव है।
वहीं, ग्रेटर नोएडा टाउनशिप के लिए 617.20 करोड़ तथा दादरी प्रोजेक्ट के लिए 391.75 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है।