प्रेस कांफ्रेंस में पत्रकारों से बात करते यासीन मलिक
- फोटो : File Photo
लोकसभा उपचुनाव के बहिष्कार के लिए अभियान छेड़ने के दूसरे ही दिन जेकेएलएफ के चेयरमैन मोहम्मद यासीन मलिक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। शनिवार को पुलिस ने श्रीनगर स्थित अबी गुजार कार्यालय में छापेमारी करते हुए मलिक को हिरासत में लिया। शुक्रवार को ही अलगाववादी नेताओं ने उपचुनाव बहिष्कार की काल देकर लोगों से चुनाव से दूर रहने को कहा था।
जेकेएलएफ प्रवक्ता ने बताया, पुलिस की एक टीम ने अचानक कार्यालय में आकर मलिक को गिरफ्तार कर लिया। यह गिरफ्तारी चुनाव बहिष्कार अभियान को दबाने से प्रेरित है। इससे एक दिन पूर्व ही जेकेएलएफ और हुर्रियत कांफ्रेंस ने चुनाव बहिष्कार अभियान को शुरू किया था। अभियान के दौरान संयुक्त दल ने गांदरबल, बडगाम जिलों के विभिन्न इलाकों में इश्तेदार बांटे थे। लोगों से उपचुनाव की गतिविधियों के प्रति सचेत रहने की अपील की गई थी।
मलिक ने बयान जारी कर शुक्रवार को कहा था कि मतदान करना या फिर बहिष्कार करना, अवाम का लोकतांत्रिक अधिकार है। लेकिन घाटी में जब भी चुनाव होते हैं तो बहिष्कार करने वाले पक्ष के लोगाें पर अत्याचार किया जाता है।