सरकारी स्कूल में शिक्षा हासिल करने वाले विद्यार्थियों को जल्द ही स्कूलों में व्यवसायिक शिक्षा दी जाएगी। इसके लिए सरकार ने पूरी तैयारी कर ली है।
इसकी शुरुआत राज्य के 125 सरकारी स्कूलों से की जा रही है। राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के तहत के इन स्कूलों में विद्यार्थियों को व्यवसायिक शिक्षा दी जाएगी, जिसके लिए स्कूलों का चयन किया जा रहा है।
सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों को गुणवत्ता भरी शिक्षा प्रदान करने के लिए सरकार की तरफ से माडल स्कूल, स्मार्ट कक्षाएं और कई तरह की सुविधाएं विद्यार्थियों को दी जाने लगी हैं। अब सरकार का ध्यान व्यवसायिक पाठ्यक्रम पर है।
शिक्षा मंत्री विद्यार्थियों को केवल किताबों के ज्ञान तक सीमित नहीं रखना चाहते हैं। विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए ही व्यवसायिक पाठ्यक्रम शुरू किया जा रहा है। इस पाठ्यक्रम के जरिये विद्यार्थी पढ़ाई पूरी करने के बाद नौकरी न मिलने पर अपना स्वरोजगार शुरू कर सकेंगे।
सरकार ने रमसा के तहत इस पर काम करना शुरू किया है। जिलों में अलग-अलग तरह का पाठ्यक्रम रखा जाएगा। जहां जिस कला को ज्यादा सराहा जाता है, विद्यार्थियों को उसके बारे में ही पढ़ाया जाएगा।