श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड के चेयरमैन एवं राज्यपाल एनएन वोहरा ने उमंग नरुला को बोर्ड का नया मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) नियुक्त किया है। बोर्ड अधिकारियों के साथ बैठक में 29 जून से शुरू हो रही अमरनाथ यात्रा की तैयारियों का जायजा लिया गया। बताया गया कि एक लाख से अधिक यात्रियों ने पंजीकरण करवा लिया है।
राज्यपाल ने पारंपरिक पहलगाम और बालटाल रूट पर यात्रा प्रबंधों को मजबूत बनाने पर जोर दिया। इसमें बिजली, पानी, चिकित्सा को सुनिश्चित बनाया जाएगा। यात्रा रूट पर स्वास्थ्य विभाग, सेना, बीएसएफ, सीआरपीएफ, एसएसबी, आईटीबीपी और जेएंडके पुलिस की ओर से 66 मेडिकल कैंप स्थापित किए जाएंगे।
बेस अस्पताल, मेडिकल एड सेंटर और इमरजेंसी एड सेंटरों पर प्रशिक्षित डाक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ, कार्डिक लाइफ सपोर्ट, हाई एल्ट्ट्यिूड मेडिसन, आक्सीजन आदि सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी।
यात्रा रूट पर से बर्फ हटाने के निर्देश
यात्रा रूट पर से बर्फ हटाने के निर्देश
- फोटो : file photo
यात्रा ट्रैक और कैंपों में 2619 शौचालय, 503 स्नान घर, 876 डस्टबीन, 445 साइन बोर्ड, 3488 वाटर प्वाइंट स्थापित होंगे। यात्रा रूट पर पंजीकृत घोड़े वालों, पालकी वालों, पिट्ठू को ही चलने की इजाजत होगी।
उन्होंने जिला उपायुक्त अनंतनाग और गांदरबल को यात्रा रूट पर बर्फ हटाने संबंधी तैयारियां करने को कहा। उन्होंने सीईओ से पहलगाम और सोनमर्ग डेवलपमेंट अथारिटी द्वारा यात्रा के दौरान उचित सफाई व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए।
यूपी के राज्यपाल, सीएम को पत्र लिखा
राज्यपाल एनएन वोहरा
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यात्रियों के लिए कंपलसरी हेल्थ सर्टिफिकेट के लिए मान्यता प्राप्त डाक्टरों और चिकित्सा संस्थानों की श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड को सूची उपलब्ध न कराने पर राज्यपाल एनएन वोहरा ने कड़ा संज्ञान लेते हुए उत्तर प्रदेश के राज्यपाल और मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर इस व्यवस्था को सुनिश्चित बनाने को कहा है। उत्तर प्रदेश के यात्रियों में स्वास्थ्य प्रमाण पत्र को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है। देश के अन्य राज्यों से सूची मिलने पर उसे श्राइन बोर्ड की वेबसाइट पर डाला गया है।