उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि पहाड़ों और मैदानों के बीच आवाजाही के दौरान उन्हें मोबाइल मेडिकल केयर यूनिट की सुविधा मिलेगी। युवाओं को पर्यटन क्षेत्र में 10 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता मिलेगी।
जम्मू-कश्मीर में गुज्जर, बक्करवाल समेत तमाम जनजाति वर्ग को आपात स्थिति में राजभवन का हेलिकॉप्टर मिलेगा। दूरदराज इलाकों में कई बार मरीजों, घायलों को एयरलिफ्ट करने की जरूरत पड़ती है। विशेष एंबुलेंस सेवा की मांग पर उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि राजभवन में दो हेलिकॉप्टर हैं। एक हेलिकॉप्टर तत्काल आम लोगों के सामने आने वाली आपात परिस्थिति के लिए उपलब्ध करवाया जाता है। सिन्हा जम्मू विश्वविद्यालय के जोरावर सिंह सभागार में जनजातीय संस्कृति महोत्सव के उद्घाटन समारोह में बोल रहे थे।
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सिन्हा ने कहा कि जनजाति वर्ग के साथ घोर उपेक्षा होती आई है। केंद्र ने इस वर्ग के लिए विशेष व्यवस्थाएं करने को कहा है। वन अधिकार अधिनियम लागू होने से जनजाति वर्ग के लोगों को जल, जंगल और जमीन पर अधिकार दिए गए हैं। बक्करवाल समुदाय के लिए आठ ट्रांजिट आवास बनाए जाएंगे। हर आवास में 200 लोग रह सकेंगे। एक विशेष यार्ड बनाया जाएगा, जिसमें इनके माल मवेशी रह सकेंगे। इस पर 28 करोड़ रुपये खर्च होंगे। टेंट की सुविधा भी मिलेगी।
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उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि जनजाति वर्ग के युवा यदि डेयरी क्षेत्र में काम करना चाहें तो उन्हें आर्थिक सहायता दी जाएगी। बच्चों की शिक्षा के लिए 40 करोड़ की लागत से स्मार्ट स्कूल लांच होंगे।