तकनीक के दौर में भी डाक जैसी पारंपरिक सेवाओं को मजबूत करने के लिये केंद्र सरकार द्वारा जम्मू के लिए पारित पोस्टल ट्रेनिंग सेंटर (पीटीएस) का खुलना अभी फिलहाल ठंडे बस्ते में है। पिछले वर्ष अक्तूबर में केंद्र द्वारा जम्मू में पीटीएस को खोलने का प्रस्ताव पारित किया गया था।
संबंधित अधिकारियों के ढीले रवैये का हर्जाना उन लोगों को भरना पड़ रहा है जो डाक विभाग में नये-नये भर्ती होते हैं। विभाग में नियुक्त नये कर्मचारियों को प्रशिक्षण के लिए उत्तर प्रदेश के सहारनपुर स्थित पोस्टल ट्रेनिंग सेंटर जाकर प्रशिक्षण लेना पड़ता है। इसमें काफी समय लगता, जिसका असर विभाग की सेवाओं पर भी पड़ता है।
पूरे भारत में कुल पांच पोस्टल ट्रेनिंग सेंटर हैं। छठा जम्मू के लिए प्रस्तावित हुआ है। सूत्रों की मानें तो कुछ लोग चाहते हैं कि इसे कश्मीर डिवीजन में खोला जाए, जबकि पीटीएस जम्मू संभाग के लिए पारित किया गया है।
यही कारण है कि इस अहम प्रोजेक्ट पर अभी तक डाक विभाग कोई भी ठोस कदम नहीं उठा पाया है। जम्मू के कठुआ, सांबा और बजालता में केंद्र के लिए जमीन भी देखी गई थी, जो कि सरकारी दामों पर ही विभाग को मिल रही थी लेकिन विभाग द्वारा अभी फिल्हाल कोई भी फैसला इस संदर्भ में नहीं लिया गया है।
चीफ पोस्ट मास्टर चंद्र प्रकाश ने कहा, हमारी डीएम से बात हो गई है। पीटीएस के लिए जगह देखी जा रही है। इसके लिए कितनी जगह चाहिए और किस दाम पर जगह मिलेगी, जब बातें फाइनल हो जाएंगी तो जल्द ही काम भी शुरू करवा दिया जाएगा।