ज्ञात हो कि जम्मू से श्रीनगर जा रहे सीआरपीएफ के काफिले में वीरवार को हुए हमले में 40 जवान शहीद हो गए थे। गृहमंत्री राजनाथ सिंह, राज्यपाल सत्यपाल मलिक, सीआरपीएफ डीजी आरआर भटनागर समेत अन्य ने पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि दी थी।
श्रीनगर हमले में दूध के कंटेनर में रखा था विस्फोटक
श्रीनगर सचिवालय में वर्ष 2001 में हुए फिदायीन हमले में भी आतंकियों ने दूध के छह कंटेनर में विस्फोटक भर रखे थे। जैश के आतंकी टाटा सूमो में सवार होकर आए थे और उन्होंने विधानसभा परिसर के गेट से सूमो को टकरा दिया था। इस हमले में 38 लोगों की मौत हुई थी।